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कोई खुद से बनाता बिजली तो किसी का घोड़े की नाल जैसा आकार, FIFA World Cup 2026 के 16 स्टेडियमों की क्या है खासियत?

Published: Sat, 06 Jun 2026 08:08 PM (IST)

फीफा वर्ल्ड कप 2026 अमेरिका, कनाडा और मैक्सिको के 16 स्टेडियमों में खेला जाएगा। हर स्टेडियम की अपनी अनूठी विशेषता और ऐतिहासिक महत्व है, जैसे आत्मनिर्भर ऊर्जा या विशेष आकार।

फीफा वर्ल्ड कप 2026

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स्पोर्ट्स डेस्क, नई दिल्ली। फीफा वर्ल्ड कप 2026 संयुक्त राज्य अमेरिका, कनाडा मैक्सिको में खेला जाना है। तीन देशों के 16 स्टेडियम में टूर्नामेंट खेला जाएगा। विश्व कप की शुरुआत 12 जून से होने वाली है। इस बार के वर्ल्ड कप में कुल 104 मुकाबले खेले जाएंगे और पहली बार 48 टीमों को विश्व कप में शामिल किया गया है। 16 स्टेडियम की बात करें, तो इसमें सबसे छोटा स्टेडियम है, जिसकी क्षमता 45 हजार है। इसके अलावा सबसे बड़े स्टेडियम की क्षमता 94 हजार है।

विश्व कप में शामिल हर स्टेडियम की अपनी-अपनी विशेषता है। किसी स्टेडियम का आकार घोड़े की नाल की तरह है, तो कोई खुद से बिजली पैदा करता है। अगर विश्व कप की बात करें, तो ओपनिंग मैच मैक्सिको में, जबकि फाइनल मुकाबला अमेरिका में खेला जाना है।

सभी स्टेडियम की क्या है विशेषता?

1. मेटलाइफ स्टेडियम

न्यूयॉर्क का मेटलाइफ स्टेडियम दो बार फीफा वर्ल्ड कप के फाइनल की मेजबानी कर चुका है। इसकी क्षमता 82, 500 है। इस मैदान पर पिछले साल फीफा क्लब वर्ल्ड का फाइनल हुआ था और अब 19 जुलाई को भी यहीं फाइनल खेला जाएगा। आमतौर पर यहां सिंथेटिक टर्फ होती है, लेकिन फीफा वर्ल्ड कप के लिए इसे विशेष तकनीक से प्राकृतिक घास में बदला जा रहा है।

2. बीसी प्लेस

कनाडा के वैंकूवर के बीसी प्लेस के इस स्टेडियम की क्षमता 54 हजार है। यहां पर 2010 में विंटर ओलंपिक भी हो चुका है। इसमें दुनिया की सबसे बड़ी केबल - सपोर्टेड ट्रैक्टेबल रूफ में से एक लगी हुई है। यहां साल 2015 के महिला फीफा वर्ल्ड
कप का फाइनल भी खेला जा चुका है और साल 2010 में विंटर ओलिंपिक की ओपनिंग और क्लोजिंग सेरेमनी भी हुई थी।

3. मर्सिडीज-बेंज स्टेडियम

अटलांटा के इस मैदान की क्षमता 71 हजार है। इसकी घूमने वाली छत रोमन पैंथियॉन से प्रेरित है। जब इसकी 8 विशाल पंखुड़ियां खुलती और बंद होती हैं तो यह कैमरे के शटर जैसा दृश्य प्रस्तुत करती हैं। यहां टूर्नामेंट का दूसरा सेमीफाइनल होगा। यहां खाने-पीने की चीजों की कीमतें सामान्य बाजार जैसी होती हैं।

4. एटीएंडटी

डलास के इस स्टेडियम की क्षमता 94 हजार दर्शकों की है। दर्शक क्षमता के लिहाज से यह टूर्नामेंट का सबसे बड़ा स्टेडियम है। इसके भीतर 2.7 मिलियन स्क्वायर मीटर की जगह इतनी विशाल है कि स्टैच्यू ऑफ लिबर्टी अपने बेस सहित इसकी बंद छत के अंदर समा सकता है।

5. एरोजहेड

कंसास सिटी में स्थित इस स्टेडियम की क्षमता 76 हजार है। इस स्टेडियम के नाम दुनिया के सबसे शोरगुल वाले आउटडोर स्टेडियम का गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड दर्ज है। 2014 में यहां 142.2 डेसिबल शोर रिकॉर्ड किया गया था, जो जेट विमान के टेकऑफ की आवाज के बराबर माना जाता है। यह अमेरिका में सबसे पुराना स्टेडियम है, जो 1972 में बना था।

6. ल्यूमेन फील्ड

सिएटल में बने इस स्टेडियम की क्षमता 69 हजार है। वॉशिंगटन राज्य के इस स्टेडियम का आकार एक 'हॉर्सशू' (घोड़े की नाल) जैसा है। यहां की बनावट ऐसी है कि दर्शकों का शोर मैदान पर गूंजता है, जो विरोधी टीम पर दबाव बनाता है। इसे इस तरह डिजाइन किया गया है कि दर्शकों की आवाज वापस मैदान की तरफ गूंजती है।

7. जिलेट स्टेडियम

स्टेडियम के बगल में पेट्रियट प्लेस नाम का विशाल ओपन एयर शॉपिंग और एंटरटेनमेंट कॉम्प्लेक्स है। मैच के दिनों में यह इलाका एक छोटे शहर जैसा नजर आता है। यहां मौजूदा एक लाइट हाउस स्टेडियम का 360 डिग्री व्यू भी देता है। यहां क्वार्टर फाइनल समेत 7 मैच खेले जाएंगे।

8. बीएमओ फील्ड टूर्नामेंट का सबसे छोटा वेन्यू

कनाडा के टोरंटो में स्थित ये स्टेडियम टूर्नामेंट का सबसे छोटा स्टेडियम है। इसकी क्षमता 45 हजार है। कनाडा का यह राष्ट्रीय फुटबॉल स्टेडियम है। टूर्नामेंट की जरूरतों को पूरा करने के लिए यहां अस्थायी स्टैंड्स जोड़कर दर्शक क्षमता बढ़ाई जा रही है। यह टोरंटो के ऐतिहासिक एग्जीबिशन प्लेस परिसर में स्थित है।

9. लिंकन फील्ड

फिलाडेल्फिया में स्थित इस स्टेडियम की क्षमता 69 हजार है। 'द लिंक' के नाम से मशहूर यह स्टेडियम अपनी ऊर्जा जरूरतों के लिए आत्मनिर्भर है। यहां 11 हजार से अधिक सोलर पैनल और 14 विंड टर्बाइन लगे हुए हैं। साल 2003 में खुला यह स्टेडियम प्रशंसकों के लिए अपनी ऊर्जा और बेहतरीन व्यूइंग एंगल्स के लिए जाना जाता है।

10. हार्ड रॉक

मियामी में स्थित इस स्टेडियम की क्षमता 65000 है। यह कई बड़े कॉन्सर्ट और एनएफएल के सुपर बाउल मैचों का गवाह रहा है। यहां क्वार्टर फाइनल और तीसरे स्थान के लिए प्लेऑफ सहित कुल 7 मुकाबले होंगे। इसके चारों ओर फॉर्मूला-1 रेसिंग ट्रैक बना हुआ है, जहां मियामी ग्रां प्री आयोजित होती है।

11. एस्टडियो बीबीवीए

मैक्सिको के मॉन्टेरी में स्थित इस स्टेडियम की क्षमता 53,500 है। अपने अनोखे आर्किटेक्चर के कारण इसे 'स्टील का दैत्य' कहा जाता है। यहां बैठकर दर्शक सेरो दे ला सिला पर्वत श्रृंखला का दृश्य भी देख सकते हैं। इसकी एक खासियत इसका कैंटिलीवर रूफ है, जो सूरज की सीधी रोशनी को स्टेडियम में आने से रोकती है।

12. एनआरजी

ह्यूस्टन के इस स्टेडियम की क्षमता 72000 है। यहां पहली खुलने बंद होने वाली छत लगाई गई थी। यह अपने भव्य लाइवस्टॉक शो ( पशु मेला) के लिए भी प्रसिद्ध है। इनमें बछड़े को रस्सी से पकड़ना, जंगली घोड़े की सवारी, बैल को काबू करने जैसी प्रतियोगिताएं होती हैं। इस साल 21 दिन में 26 लाख लोग पहुंचे थे।

13. सोफी

लॉस एंजिलिस के इस स्टेडियम की क्षमता 70 हजार है। 47 हजार करोड़ के साथ सबसे महंगे स्टेडियमों में शामिल एयरपोर्ट के लैंडिंग रूट के नीचे होने के कारण जमीन से करीब 100 फीट नीचे खोदकर बनाया। छत इतनी विशाल है कि विमान में बैठे यात्री इसके ऊपर लगी 28 हजार एलईडी पर चल रहे वीडियो देख सकते हैं।

14. एस्टाडियो एक्रोन

ग्वाडलाहारा के इस स्टेडियम की क्षमता 48 हजार है। यह स्टेडियम एक ज्वालामुखी की आकृति में बनाया गया है। इसकी ढलानों पर असली घास उगाई गई है, जिससे यह दूर प्राकृतिक पहाड़ी जैसा दिखाई देता है। स्टेडियम का केवल ऊपरी हिस्सा सफेद कंक्रीट का है।

15. एस्टाडियो एज्टेका

मैक्सिको सिटी के इस स्टेडियम में एक साथ 83 हजार दर्शक मैच देख सकते हैं। यह पहला स्टेडियम है जो तीन अलग-अलग फीफा वर्ल्ड कप (1970, 1986 और 2026) की मेजबानी कर रहा है। यहीं पेले (1970) और माराडोना (1986) ने विश्व कप ट्रॉफी उठाई थी। समुद्र तल से करीब 7,200 फीट की ऊंचाई पर है। इसके अलावा यहां पर माइकल जैक्सन का शो भी हो चुका है।

16. लिवाइस स्टेडियम

सैन फ्रांसिस्को में स्थित इस स्टेडियम की क्षमता 71 हजार है। सिलिकॉन वैली के केंद्र में स्थित होने के कारण यह पूरी तरह पर्यावरण अनुकूल और 'ग्रीन स्टेडियम' की तर्ज पर डिजाइन किया गया है। यह अमेरिका का पहला बड़ा खेल स्टेडियम था जिसने निर्माण के दौरान ही गोल्ड ग्रीन बिल्डिंग सर्टिफिकेशन हासिल किया था।

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