स्मिता श्रीवास्तव, मुंबई। करीब सात साल से हालीवुड में काम कर रहीं प्रियंका चोपड़ा जोनास हालीवुड फिल्म ‘द मैट्रिक्स रिसरेक्शन्स’ में सती के किरदार में नजर आई हैं। यह ‘द मैट्रिक्स’ फ्रेंचाइज की चौथी फिल्म है। इसकी पहली फिल्म वर्ष 1999 में रिलीज हुई थी। जिसमें सती का किरदार एक बाल कलाकार ने निभाया था। अब ‘द मैट्रिक्स रिसरेक्शन्स’ में यह बच्ची बड़ी हो चुकी है। इस किरदार को प्रियंका ने निभाया है। न्यू यार्क में फिल्म के प्रमोशन में जुटीं प्रियंका ने वीडियो काल पर फिल्म व हालीवुड में काम को लेकर स्मिता श्रीवास्तव से बातचीत की:

‘द मैट्रिक्स’ फ्रेंचाइज से कैसा कनेक्शन रहा है?

‘द मैट्रिक्स’ के पहले पार्ट में जो एक बच्ची सती का किरदार था, उसका युवा वर्जन मैं निभा रही हूं। वह मेरे लिए दिलचस्प रहा। एक कलाकार होने के नाते किरदार का डेवलपमेंट बहुत दिलचस्प चीज होती है। वह गैप मैच करना कि इस दौरान सती के साथ क्या-क्या हुआ, वह जिंदगी के किस मुकाम पर है, उसकी प्रेरणाएं क्या हैं। वह सब करने में बहुत मजा आया। जब इस फिल्म को करने का मौका मुझे मिला तो मैं उन बातों के पीछे गई। मैं खुश हूं कि फिल्म की निर्देशक लाना ने मुझे वह जिम्मेदारी सौंपी। सती का किरदार उनके लिए बहुत स्पेशल था। जब मुझे यह जिम्मेदारी मिली तो अच्छा लगा।

हालीवुड की बड़े बजट की फिल्मों के मुकाबले बालीवुड की फिल्मों में अभिनेत्रियों की जगह को कहां पाती हैं?

मैं तुलना करने में वक्त बर्बाद नहीं करती हूं। मैं अपने काम से काम रखती हूं। अपना काम करती हूं। मुझे नहीं लगता कि कोई भी काम छोटा या बड़ा होता है। काम तो काम होता है। काम की इज्जत करना बहुत जरूरी है। कोई इंडस्ट्री छोटी या बड़ी नहीं है। हमको इन चीजों को छोड़कर इस बात पर फोकस करना चाहिए कि दोनों जगहों की फिल्म इंडस्ट्री में कितना अच्छा काम हो रहा है और कलाकारों को अच्छा काम करने का मौका मिल रहा है।

फिल्म के हीरो कियानू रीव्स से जब सेट पर मुलाकात हुई तो वह रील से कितने अलग लगे?

कियानू बहुत अच्छे इंसान और सहकलाकार हैं। वह बहुत एनकरेजिंग हैं। हिम्मत बढ़ाते हैं। बहुत अच्छा लगता है कि आप इतने बड़े एक्टर के साथ काम कर रहे हो, जिनका 40 साल का करियर है। वह इज्जत के साथ पेश आते हैं।

आपका लुक फिल्म में बहुत अलग है?

मैंने अपनी तरफ से कोशिश की थी कि मैं हेयर, मेकअप और वार्डरोब डिपार्टमेंट के साथ मिलकर इस लुक को तैयार करूं, जिसमें आपको छोटी सती की याद आए, उसकी झलक दिखाई दे। इसलिए हमने लुक उसकी तरह ही किया। हम चाहते थे कि मेरे कपड़ों में भारतीय हेरिटेज की झलक दिखे। साड़ी के बार्डर से मेरे कपड़े बनाए गए हैं,ताकि यह पता चले कि मेरा किरदार भारत से है। मैं हमेशा अपने हर किरदार के साथ यह करने की कोशिश करती हूं। खासकर अगर मैं भारतीय किरदार निभा रही हूं तो मैं अपनी हेरिटेज और अपने देश को हमेशा किसी तरह से क्रिएटिवली अपने किरदार में लेकर आऊं। बहुत जरूरी है दुनिया को यह देखना कि भारतीय प्रतिभाएं हर मुकाम तक पहुंच सकती हैं। यह लोगों को याद दिलाना मुझे बहुत पसंद है।

हालीवुड के कलाकारों से जब आपकी बात होती है तो अपने देश या यहां की फिल्म इंडस्ट्री के बारे में आप उनको क्या बातें बताती हैं?

यह मुश्किल सवाल है। ऐसा नहीं है कि मैं बैठकर उनकी क्लासेस लेती हूं, लेकिन मेरे जरिए उन्हें यहां की इंडस्ट्री के बारे में पता जरूर चलता है। मैंने हिंदी फिल्म इंडस्ट्री में इतना वक्त बिताया है। मैं बात करती हूं। मैं अपनी तरफ से लोगों को एकजुट करने की कोशिश करती हूं। न सिर्फ अपनी इंडस्ट्री के बारे में, बल्कि अपने देश के बारे में बातें करती हूं। यह करने से हम लोगों के लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मौके और बढ़ेंगे। उतने मौके भारतीय और साउथ एशियन टैलेंट को नहीं मिलते हैं जितने मिलने चाहिए। वह एजुकेशन मेरे लिए बहुत जरूरी है, ताकि मेरे जरिए मेरी अगली पीढ़ी को उन दिक्कतों का सामना न करना पड़े जो मुझे करना पड़ा है।

Edited By: Priti Kushwaha