यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Dec 13, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
भोपाल में मामा को लेकर दिखी दीवानगी, समर्थकों ने रुकवाया वाहन; लगाए 'आंधी नहीं तूफान है शिवराज सिंह चौहान' के नारे
मध्य प्रदेश में नई सरकार के शपथ ग्रहण कार्यक्रम के दौरान भी पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के लिए उनके ...और पढ़ें

HighLights
- शपथ ग्रहण स्थल के बाहर शिवराज के समर्थक भावुक नजर आए
- पूर्व सीएम गाड़ी से उतरकर समर्थकों से मिले, रोई एक महिला
राज्य ब्यूरो, भोपाल। मध्य प्रदेश में नई सरकार के शपथ ग्रहण कार्यक्रम के दौरान भी पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के लिए उनके समर्थक भावुक नजर आए। कार्यक्रम के बाद जब आयोजन स्थल मोतीलाल नेहरू स्टेडियम से शिवराज सिंह का काफिला बाहर निकल रहा था तो समर्थकों ने उनके वाहन को रोक लिया। 'मामा-मामा' के नारे लगने लगे। हमारा नेता कैसा हो- शिवराज सिंह जैसा हो और आंधी नहीं तूफान है- शिवराज सिंह चौहान है, के नारे भी लगे।
इस दौरान एक महिला रोते हुए शिवराज सिंह के पास आई और कहा कि भैया, चिंता मत करो। कुछ समय तक यही स्थिति रही। फिर शिवराज सिंह वाहन से बाहर आए और समर्थकों से मिलकर कुछ देर में निकल गए। इस दौरान शिवराज सिंह के सुरक्षाकर्मियों को समर्थकों को नियंत्रित करने में काफी मशक्कत करनी पड़ी।

शिवराज ने कहा- अब विदा लेता हूं, 'जस की तस रख दीनी चदरिया'
पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह ने प्रतिदिन की तरह बुधवार को भी एक पौधा रोपा। स्मार्ट सिटी पार्क में पौधारोपण के बाद उन्होंने मीडिया से चर्चा में कहा कि अब विदा लेता हूं। जस की तस रख दीनी चदरिया। नए मुख्यमंत्री के शपथ लेने के कुछ समय पहले भावुक अंदाज में उन्होंने यह बात कही।
ये है मध्य प्रदेश में मामा की दीवानगी।#ShivrajSinghChouhan #MadhyaPradesh pic.twitter.com/rBLVquRk6T
— Dev Choudhary🇮🇳 (@Devchoudharydc) December 13, 2023
संत कबीर के भजन 'जस की तस रख दीनी...' का वर्तमान राजनीतिक परिदृश्य में सामान्य अर्थ यही माना जा सकता है कि उन्हें जो पद मिला था, उसे उसी स्थिति में वापस कर दिया। किसी तरह का दाग नहीं लगने दिया। संगठन के दृष्टिकोण से देखें तो संभवत: यह पंक्ति बोलने का यही आशय हो सकता है कि प्रदेश और पार्टी का भी उनके कार्यकाल में कोई नुकसान नहीं, बल्कि लाभ ही हुआ।
शिवराज सिंह ने कहा,
कार्यवाहक मुख्यमंत्री के तौर पर प्रदेश के विकास और समृद्धि का पौधा लगाया है। प्रदेश की जनता सुखी रहे। सभी का मंगल हो, कल्याण हो। सभी पर भगवान की कृपा बनी रहे।
उन्होंने नए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव को शुभकामना देते हुए भरोसा जताया कि वह प्रदेश की समृद्धि को नई ऊंचाइयों पर ले जाएंगे। बता दें कि शिवराज सिंह 19 फरवरी, 2021 (नर्मदा जयंती) से प्रतिदिन एक पौधा रोप रहे हैं।
