रांची, राज्‍य ब्‍यूरो। Jharkhand Assembly Election 2019  झारखंड मुक्ति मोर्चा के कार्यकारी अध्यक्ष हेमंत सोरेन इस बार भी दो विधानसभा सीटों बरहेट और दुमका से चुनाव लड़ेंगे। पिछले विधानसभा चुनाव में भी हेमंत ने इन्हीं दो सीटों पर भाग्य आजमाया था, लेकिन वे दुमका से चुनाव हार गए थे। रविवार को झारखंड मुक्ति मोर्चा ने संताल परगना की 13 विधानसभा सीटों पर प्रत्याशियों के नाम का एलान किया। मधुपुर से हाजी हुसैन अंसारी,

निरसा से अशोक मंडल, चन्दनकियारी से विजय रजवार, बरहेट से हेमंत सोरेन, बोरियो से लोबिन हेम्ब्रम, राजमहल से केताबुद्दीन शेख, लिट्टिपाड़ा से दिनेश विलियम मरांडी, महेशपुर से स्टीफन मरांडी, शिकारीपाड़ा से नलिन सोरेन, दुमका से हेमंत सोरेन, जामा से सीता सोरेन, नाला से रविंद्र नाथ महतो और पोड़ैयाहाट से अशोक कुमार प्रत्याशी होंगे।

वामदल के लिए नहीं छोड़ी सीट

कयास लगाया जा रहा था कि झारखंड मुक्ति मोर्चा निरसा सीट वामदल मासस के लिए छोड़ेगा, लेकिन वहां से प्रत्याशी दिया गया है। निरसा सीट फिलहाल मासस के अरूप चटर्जी के पास है। उधर भाजपा छोड़ झारखंड मुक्ति मोर्चा में शामिल हुए भाजपा के पूर्व अध्यक्ष ताला मरांडी को भी टिकट नहीं मिल पाया।

यहां देखें प्रत्‍याशियों की सूची

राजमहल के झामुमो प्रत्याशी होंगे केताबुद्दीन शेख

ये पहली बार विधानसभा का चुनाव लड़ेंगे। पिछली बार झामुमो से मो. ताजुद्दीन ने चुनाव लड़ा था। उन्होंने दो बार यहां झामुमो से चुनाव लड़ा और दूसरे स्थान पर रहे। पिछले विधानसभा चुनाव के बाद वे झामुमो छोड़ कांग्रेस में चले गये थे। पिछले सप्ताह कांग्रेस से त्यागपत्र दे दिया था। उम्मीद थी कि वे झामुमो से चुनाव लड़ेंगे।

भाजपा छोड़कर झामुमो में गए ताला मरांडी को नहीं बनाया उम्‍मीदवार

राजमहल के झामुमो प्रत्याशी मो. केताबुद्दीन राजमहल नगर पंचायत के अध्यक्ष हैं। भाजपा से त्यागपत्र देने वाले ताला मरांडी को कहीं भी जगह नहीं मिली है। हेमंत सोरेन इस बार भी दुमका व बरहेट से चुनाव लड़ेंगे।

Posted By: Alok Shahi

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