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थायराइड-एंग्जायटी के लक्षणों को हल्के में नहीं लें, कैंसर जैसी बीमारी के हो सकते हैं संकेत; विशेषज्ञों ने चेताया

Published: Mon, 25 May 2026 09:20 AM (IST)

थायराइड और एंग्जायटी के लक्षणों को हल्के में न लें, क्योंकि ये कैंसर जैसी गंभीर बीमारियों के संकेत हो सकते ...और पढ़ें

थायराइड और एंग्जायटी के लक्षणों को हल्के में नहीं लेना चाहिए। एआई जनरेटेड

थायराइड और एंग्जायटी के लक्षणों को हल्के में नहीं लेना चाहिए। एआई जनरेटेड

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अनूप कुमार सिंह, नई दिल्ली। थायराइड और एंग्जायटी के लक्षणों को हल्के में नहीं लेना चाहिए। इन्हें लेकर कई बार मरीज भ्रमित हो जाते हैं। ये लक्षण कैंसर जैसी गंभीर बीमारी के संकेत भी हो सकते हैं। इसलिए बिना समझे खुद इलाज शुरू कर देना खतरनाक साबित हो सकता है।

एम्स के प्रो. आर गोस्वामी के अनुसार, एंग्जायटी और तनाव के लक्षण कई बार शरीर के हार्मोनल असंतुलन से जुड़े हो सकते हैं। इसलिए केवल मानसिक कारण मानकर इलाज शुरू करना सही नहीं होता है।

डॉक्टर की सलाह जरूरी

इस मामले में स्वयं से उपचार करना या बिना डॉक्टर की सलाह लिए मेडिकल स्टोर से दवा लेना खतरनाक हो सकता है। प्रो. गोस्वामी ने सलाह दी कि ऐसे मामलों में थायराइड विशेषज्ञ से अनिवार्य रूप से सलाह लेनी चाहिए। वह थायराइड फंक्शन टेस्ट, अल्ट्रासाउंड और जरूरत पड़ने पर बायोप्सी आदि में से जो भी जांच जरूरी होगी, उसकी सलाह देगा।

उन्होंने कहा कि अगर गले में सूजन, आवाज में बदलाव, निगलने में कठिनाई या लगातार थकान जैसे लक्षण लंबे समय तक बने रहें तो तुरंत जांच करानी चाहिए।

अपोलो एथेना विमेंस कैंसर सेंटर लीड, हेड एंड नेक आंकोलाजी डॉ. अनिल डी क्रूज ने बताया कि थायराइड में हर बदलाव कैंसर नहीं होता, लेकिन कुछ मामलों में थायराइड ग्रंथि में गांठ (नोड्यूल) या असामान्य वृद्धि थायराइड कैंसर का संकेत कर सकती है।

शुरुआती पहचान से कम होगा खतरा

उन्होंने कहा कि लंबे समय तक बने रहने वाले लक्षणों को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। समय पर उनकी जांच बेहद आवश्यक है। शुरुआती पहचान से गंभीर बीमारियों का खतरा काफी हद तक कम किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि थायराइड और मानसिक स्वास्थ्य से जुड़े लक्षणों को समग्रता में देखना चाहिए।

लक्षण

  • गले में सूजन या गांठ महसूस होना
  • बिना वजह वजन घटना या बढ़ना
  • लगातार घबराहट, बेचैनी या एंग्जायटी
  • आवाज बैठना या बोलने में बदलाव
  • निगलने में परेशानी और लगातार थकान

सलाह

  • थायराइड फंक्शन टेस्ट समय-समय पर कराएं
  • जरूरत पड़ने पर चिकित्सक की सलाह पर अल्ट्रासाउंड और बायोप्सी कराएं
  • लगातार एंग्जायटी हो तो हार्मोन जांच भी करवाएं
  • संतुलित आहार और नियमित व्यायाम अपनाएं