नई दिल्ली [राकेश कुमार सिंह]। नरेन्द्र मोदी सरकार द्वारा तीनों केंद्रीय कृषि कानूनों का निरस्त करने के ऐलान के बाजवूद संयुक्त किसान मोर्चा दिल्ली-एनसीआर के बार्डर पर जारी धरना प्रदर्शन खत्म करने के लिए तैयार नहीं है। इसके उलट शुक्रवार से दिल्ली एनसीआर के चारों बार्डर (सिंघु, टीकरी, शाहजहांपुर और गाजीपुर) पर किसान प्रदर्शनकारियों की संख्या दोगुनी से तीन गुनी हो गई है। इस बीच किसानों के फिर दिल्ली कूच करने की धमकी के मद्देनजर दिल्ली पुलिस पूरी तरह से चौकस है। वहीं, जरूरत पड़ने पर दिल्ली मेट्रो के कुछ स्टेशनों को बंद करने लिए भी कहा जा सकता है।

जागरण संवाददाता से मिली जानकारी के मुताबिक, बृहस्पतिवार रात को ही सभी सीमाओं पर मजबूत बैरिकेडिंग करने के साथ ही चौकसी बढ़ा दी गई। इसके साथ ही शुक्रवार सुबह से पूरी दिल्ली पुलिस सड़कों पर है। किसी भी सूरत में किसानों को दिल्ली नहीं घुसने दिये जाने का निर्देश है। सभी थानों के अधिकतर पुलिस कर्मियों को सीमाओं व अन्य जगहों पर तैनात कर दिया गया है।

दिल्ली पुलिस मुख्यालय के भी सभी आला अधिकारी शुक्रवार सुबह से अपने-अपने इलाके में गश्त कर रहे हैं। दिल्ली को पुलिस छावनी में तब्दील कर दिया गया है। हजारों की संख्या में पैरा मिलिट्री को भी लगाया गया है। पुलिस आयुक्त राजेश अस्थाना अधिकारियों से पल-पल की जानकारी ले रहे हैं।

उधर, दिल्ली पुलिस के स्पेशल ब्रांच को पूरी तरह सतर्क रहने व किसानों की मंशा के बारे में पता लगाते रहने को कहा गया है। दिल्ली पुलिस को सूचना मिली है कि 4000 किसान टिकरी, सिंघु व गाजीपुर बॉर्डर पर आ चुके हैं। किसानों का जत्था अलग अलग राज्यो से सीमाओं पर पहुच रहा है। पुलिस अधिकारी का कहना है कि किसान संगठनों ने 29 को दिल्ली आने की घमकी दी है। उसी के मद्देनजर गुरुवार रात से मजबूत सुरक्षा बंदोबस्त करने में दिल्ली पुलिस जुट गई।

Edited By: Jp Yadav