नई दिल्ली, जागरण संवाददाता। Delhi Crime: जनकपुरी में झगड़े के दौरान गलतफहमी में दो राहगीरों को ही गोली मार देने के मामले में क्राइम ब्रांच ने मुख्य आरोपित अशरफ को गिरफ्तार कर 24 घंटे के अंदर केस की गुत्थी सुलझाने का दावा किया है। गोली लगने से घायल दोनों राहगीरों का अस्पताल में इलाज चल रहा है। पुलिस ने वारदात में प्रयुक्त एक स्कूटी भी बरामद कर ली है।

डीसीपी राजेश देव के मुताबिक 14 अगस्त को क्राइम ब्रांच(Crime Branch) को सूचना मिली कि जनकपुरी(Janakpuri) में हत्या के प्रयास मामले में वांछित एक आरोपित 100 फुटा रोड के पास स्कूटी से काली बस्ती, उत्तम नगर में किसी से मिलने आने वाला है। उक्त सूचना पर अशरफ आलम(Ashraf Alam) को दबोच लिया गया।

वह चाणक्य पलेस, उत्तम नगर का रहने वाला है। पूछताछ में अशरफ ने बताया कि 13 अगस्त को शराब पीने के बाद जब वह घर जा रहा था, तब पोसांगीपुर, जनकपुरी के संजू गूर्जर और सौरभ नाम के दो युवकों के साथ उसका झगड़ा हो गया था। दोनों उसकी पिटाई कर मौके से भाग गए थे।

अशरफ ने उक्त घटना के बारे में अपने मोबाइल दुकान(Mobile Shop) के मालिक करण को जानकारी दी। कारण ने जब समझौते के लिए तीनों को मौके पर बुलाया। तब अशरफ अपने भाई और चार दोस्तों के साथ मौके पर आया। वहां फिर से संजू गुर्जर, सौरभ ने अशरफ उसके दोस्तों की पिटाई कर दी। जिस पर अशरफ और उसके दोस्तों को अपमानित महसूस हुआ और उन्होंने बदला लेने की ठान ली।

सभी ने डाबरी में अपने किराए के फ्लैट में इकट्ठा होकर दो कट्टे का इंतजाम किया। उसके बाद अशरफ अपने दोस्त विकास, इरफान, रोहित गुर्जर, अविनाश भल्ला व चिंटू के साथ संजू और सौरभ को सबक सिखाने के लिए दो स्कूटी पर सवार होकर फिर से मौके पर पहुंच गया।

अशरफ ने विकास और रोहित गुर्जर को संजू और सौरभ को गोली मारने के लिए कहा था। जब तक वे मौके पर पहुंचे तब तक सौरभ और उसके दोस्त वहां से जा चुके थे। गलत पहचान के कारण अशरफ के दोस्त विकास व रोहित गुर्जर ने दो राहगीर पर ही गोली चला दी। घटना के बाद जनकपुरी थाने में आरोपितों के खिलाफ प्राथमिकी थाने में प्राथमिकी दर्ज करा दी गई थी।

Edited By: Vinay Kumar Tiwari