यह एक आर्काइव लेख है, जिसे May 30, 2018 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
सरकारी बैंकों के 10 लाख कर्मचारी हड़ताल पर, दिल्ली-NCR होगा सर्वाधिक प्रभावित
हड़ताल की वजह से कई बैंकों की शाखाओं के कामकाज पर तो असर पड़ेगा ही ATM सेवा पर भी असर पड़ सकता है।

नई दिल्ली (जेएनएन)। सार्वजनिक बैंकों के कर्मचारियों की दो दिवसीय देशव्यापी हड़ताल का आज दूसरा दिन है। सरकारी बैंकों के प्रबंधन भारतीय बैंक संघ(आईबीए) के दो प्रतिशत वेतन वृद्धि के प्रस्ताव के विरोध में बैंककर्मी ये हड़ताल कर रहे हैं। करीब 10 लाख बैंककर्मियों के हड़ताल पर जाने से देशभर में सार्वजनिक बैंकों की शाखाओं में चेक क्लीयरेंस, खाते से नकदी निकालने और जमा करने से जैसे बैंकिंग कामकाज प्रभावित हुए हैं।बैंक बंद होने का असर एटीएम पर भी पड़ेगा। दिल्ली में करीब आठ हजार बैंक शाखाओं में कार्यरत 40 हजार कर्मचारी हड़ताल में शामिल हो रहे हैं।
दिल्ली में हड़ताल का काफी असर रहेगा, क्योंकि महीने के अंत में ही बैंकों के माध्यम से सरकारी व निजी क्षेत्र में वेतन का वितरण होता है। ऑल इंडिया बैंक ऑफिसर्स कन्फेडरेशन दिल्ली के सचिव सुनील बंसल ने कहा कि हड़ताल का असर नकदी संकट के रूप में सामने आ सकता है, क्योंकि काउंटर से जहां पैसे नहीं निकलेंगे, वहीं बैंक बंद होने से एटीएम में पैसे डालने में भी मुश्किल आएगी।

जानकारी के मुताबिक, हड़ताल में करीब 10 लाख कर्मचारी शामिल हैं जो अपनी सैलरी में सिर्फ 2 फीसदी इजाफे के प्रस्ताव से बेहद नाराज़ हैं। महीने के आखिर के दिन होने के चलते लोगों के तनख्वाह आने पर भी इसका असर पड़ सकता है, जिससे आम लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है। हड़ताल की वजह से कई बैंकों की शाखाओं के कामकाज पर तो असर पड़ेगा ही ATM सेवा पर भी असर पड़ सकता है।