नागा विद्रोही मसासासोंग को मिली जमानत, 2021 के मनी लॉन्ड्रिंग मामले में दिल्ली HC का फैसला
नागा विद्रोही मसासासोंग आओ को दिल्ली हाई कोर्ट ने मनी लांड्रिंग मामले में जमानत दे दी है। यह मामला 2021 ...और पढ़ें

नागा विद्रोही को दिल्ली हाई कोर्ट से मिली जमानत। फोटो: आर्काइव
HighLights
नागा विद्रोही मसासासोंग आओ को दिल्ली हाई कोर्ट ने जमानत दी
मनी लांड्रिंग मामला 2021 में दर्ज, पीएमएलए के तहत गिरफ्तारी
एनएससीएन-आईएम पर जबरन वसूली, आतंकी फंडिंग का आरोप है
जागरण संवाददाता, नई दिल्ली। मनी लॉन्ड्रिंग मामले में गिरफ्तार किए गए नागा विद्रोही मसासासोंग आओ को दिल्ली हाई कोर्ट ने जमानत दे दी। न्यायमूर्ति संजीव नरूला की पीठ ने मामले पर निर्णय सुनाते हुए कहा कि जमानत याचिका स्वीकार की जाती है।
मनी लॉन्ड्रिंग का यह मामला 2021 में दर्ज किया गया था। यह मामला नेशनल सोशलिस्ट काउंसिल ऑफ नागालैंड (एनएससीएन)-आईएम (एक प्रतिबंधित अलगाववादी संगठन) की खुद को कैबिनेट मंत्री बताने वाली एलेमला जमीर की गिरफ्तारी के बाद दर्ज हुआ था।
बेल मिली पर जेल में ही रहेंगे
जमीर को 72 लाख रुपये लेकर दीमापुर जाने के दौरान 17 दिसंबर 2019 को दिल्ली एयरपोर्ट पर रोका गया था। यूएपीए के मामले में NIA ने मसासासोंग आओ और विद्रोही समूह के अन्य सदस्यों पर जमीर को जबरन वसूली का रैकेट चलाने, आतंकी फंडिंग के लेन-देन करने का आरोप लगाया है।
मसासासोंग आओ को 2022 में पीएमएलए के तहत इस मामले में गिरफ्तार किया गया था। उन्हें यूएपीए मामले में राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) ने फरवरी 2020 में गिरफ्तार किया था और वह अभी भी हिरासत में हैं।
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