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JNU में फिर संग्राम: शिक्षा मंत्रालय के घेराव से पहले ही 50 छात्र हिरासत में; दिल्ली पुलिस ने छावनी में बदला कैंपस

Published: Thu, 26 Feb 2026 07:53 PM (IST)Updated: Thu, 26 Feb 2026 08:27 PM (IST)

जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय (जेएनयू) छात्रसंघ के शिक्षा मंत्रालय तक प्रस्तावित मार्च को दिल्ली पुलिस ने रोक दिया। परिसर को सुरक्षा ...और पढ़ें

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जागरण संवाददाता, नई दिल्ली। जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय (जेएनयू) में गुरुवार को छात्रसंघ के प्रस्तावित मार्च को दिल्ली पुलिस ने शिक्षा मंत्रालय तक जाने की अनुमति नहीं दी और सुबह से ही पूरे परिसर को सुरक्षा घेरे में ले लिया। मुख्य द्वार पर ताला लगाकर चारों ओर बैरिकेडिंग कर दी गई तथा बड़ी संख्या में पुलिस बल तैनात रहा, जिससे छात्र बाहर न निकल सकें।

करीब 40 से 50 छात्रों को हिरासत में लिया

इसके बावजूद वामपंथी छात्र संगठनों के समर्थकों के साथ छात्रसंघ पदाधिकारी अध्यक्ष अदिति मिश्रा, उपाध्यक्ष गोपिका के बाबू, महासचिव सुनील यादव, संयुक्त सचिव दानिश अली और पूर्व अध्यक्ष नितिश कुमार ने बैरिकेड हटाकर बाहर जाने की कोशिश की।

जैसे ही ये छात्र मुख्य द्वार पार करने लगे, पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए उन्हें हिरासत में ले लिया। पुलिस सूत्रों के अनुसार अब तक करीब 40 से 50 छात्रों को हिरासत में लिया गया, जबकि मौके पर दो से तीन हजार लोगों की भीड़ जुटी हुई थी।

नारा-जातिवादी वीसी को बर्खास्त करो

प्रदर्शन के दौरान छात्रों ने हाथों में पोस्टर और बैनर लिए जय भीम, रोहित एक्ट लागू करो, वीसी मुर्दाबाद, जातिवादी वीसी को बर्खास्त करो और यूजीसी एक्ट लागू करो जैसे नारे लगाए। छात्रसंघ अध्यक्ष अदिति मिश्रा ने आरोप लगाया कि वे शांतिपूर्ण मार्च निकाल रहे थे, लेकिन बिना वर्दी में मौजूद लोगों ने उन्हें घसीटकर हिरासत में लिया। वहीं छात्र नेताओं का दावा है कि सैकड़ों पुलिसकर्मियों ने पूरे परिसर को घेर रखा था और बाहर निकलने नहीं दिया।

क्या है विवाद की जड़?

छात्रों का यह प्रदर्शन विश्वविद्यालय की कुलगुरु शांतिश्री डी. पंडित के जातिवाचक बयान और शिक्षा मंत्रालय तक अपनी मांगें पहुंचाने को लेकर था। पुलिस का कहना है कि सुरक्षा और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए छात्रों को परिसर के अंदर ही रहने की सलाह दी गई थी।

हालांकि, बैरिकेडिंग तोड़ने की कोशिश के बाद स्थिति बिगड़ने की आशंका बढ़ी, जिसके चलते पुलिस ने सख्ती बरतते हुए कई छात्रों को हिरासत में लिया। फिलहाल, कैंपस में अतिरिक्त बल तैनात है और प्रशासन हालात पर लगातार नजर बनाए हुए है।

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