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दिल्ली में खत्म होंगे 'डार्क स्पॉट': CM रेखा गुप्ता ने किया 1 लाख स्मार्ट LED लाइटें लगाने का एलान

Published: Fri, 16 Oct 2026 08:03 AM (IST)

दिल्ली सरकार ने मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता द्वारा 'सेवा संकल्प अभियान' के तहत एक लाख स्मार्ट एलईडी लाइटें लगाने की परियोजना शुरू की है।

स्ट्रीट्स पर लगेंगी 1 लाख स्मार्ट एलईडी लाइटें।

स्ट्रीट्स पर लगेंगी 1 लाख स्मार्ट एलईडी लाइटें।

HighLights

  1. एक लाख स्मार्ट एलईडी लाइटें लगेंगी, डार्क स्पॉट होंगे रोशन।

  2. 48 घंटे में मरम्मत न होने पर एजेंसी पर लगेगा भारी जुर्माना।

  3. परियोजना से 100 करोड़ रुपये की ऊर्जा बचत का अनुमान है।

जागरण संवाददाता, दक्षिणी दिल्ली। आस्था कुंज पार्क की घटना के बाद छात्राओं की सुरक्षा और शहर के अंधेरे स्थानों (डार्क स्पॉट) की समस्या के बीच दिल्ली सरकार ने एक लाख स्मार्ट एलईडी स्ट्रीट लाइटें लगाने की परियोजना शुरू की है।

मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने बृहस्पतिवार को एंड्रयूजगंज बस स्टाप से ‘सेवा संकल्प अभियान’ के तहत इस परियोजना का शुभारंभ किया। इसका उद्देश्य राजधानी की सड़कों और सार्वजनिक स्थानों पर रोशनी बढ़ाने के साथ रात में आवागमन को सुरक्षित बनाना है।

स्ट्रीट लाइटों की कमी और डार्क स्पॉट की समस्या

मुख्यमंत्री के डीयू की छात्राओं से संवाद के दौरान शहर के विभिन्न हिस्सों में स्ट्रीट लाइटों की कमी और डार्क स्पॉट की समस्या सामने आई थी। इसके बाद सरकार ने स्मार्ट लाइटें लगाने की पहल की।

परियोजना के तहत करीब 45 हजार हाई प्रेशर सोडियम वेपर लाइटों को ऊर्जा-कुशल एलईडी लाइटों से बदला जाएगा। इनके संचालन और निगरानी के लिए सेंट्रल कमांड सेंटर बनाया जाएगा, जहां से प्रत्येक लाइट की स्थिति पर वास्तविक समय में नजर रखी जा सकेगी।

48 घंटे में ठीक नहीं होने पर लगेगा जुर्माना

नई व्यवस्था में खराब लाइटों को सूचना मिलने के 48 घंटे के भीतर ठीक करना अनिवार्य होगा। ऐसा नहीं होने पर संबंधित एजेंसी पर प्रति लाइट प्रतिदिन दो हजार रुपये का जुर्माना लगाया जाएगा। प्रत्येक लाइट पर क्यूआर कोड भी होगा, जिसे स्कैन कर नागरिक जानकारी प्राप्त करने के साथ शिकायत दर्ज करा सकेंगे।

पीडब्ल्यूडी लाइटों की समग्र निगरानी करेगा, जबकि स्मार्ट लाइटों से मिलने वाला रियल-टाइम डेटा सेंट्रल कमांड सेंटर तक पहुंचेगा।

100 करोड़ ऊर्जा बचत का अनुमान

सरकार के अनुसार, परियोजना से अगले पांच वर्षों में करीब 100 करोड़ रुपये की ऊर्जा बचत होने का अनुमान है। पीडब्ल्यूडी मंत्री प्रवेश वर्मा ने कहा कि स्मार्ट लाइटों से सड़कों पर दृश्यता बेहतर होगी और रखरखाव की व्यवस्था अधिक प्रभावी बनेगी।

इस मौके पर नई दिल्ली सांसद बांसुरी स्वराज, दिल्ली के पीडब्ल्यूडी मंत्री प्रवेश वर्मा, विधायक सतीश उपाध्याय, शिखा राय, अनिल शर्मा नीरज बसोया आदि रहे।

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