'कहां डर लगता है?' दिल्ली पुलिस का छात्राओं से सीधा संवाद; स्कूलों से बाजारों तक पिंक स्कूटी पर पेट्रोलिंग
आउटर दिल्ली में छात्राओं की सुरक्षा बढ़ाने के लिए महिला पुलिसकर्मियों ने पिंक स्कूटी और फुट पेट्रोलिंग शुरू की है। ...और पढ़ें

महिला पुलिस छात्राओं से संवाद करती हुई। फोटो: दिल्ली पुलिस
HighLights
छात्राओं की सुरक्षा हेतु पिंक स्कूटी और फुट पेट्रोलिंग शुरू
मंगोलपुरी, पश्चिम विहार में स्कूलों के पास सुबह-शाम गश्त
साइबर सुरक्षा, आत्मरक्षा पर जागरूकता, हेल्पलाइन जानकारी दी
जागरण संवाददाता, नई दिल्ली। सुबह स्कूल जाने का समय हो या शाम को छुट्टी के बाद लौटने का, आउटर दिल्ली में अब स्कूलों और छात्राओं की आवाजाही वाले इलाकों में पिंक स्कूटी पर महिला पुलिसकर्मी नजर आएंगी।
छात्राओं की सुरक्षा को लेकर आउटर जिला पुलिस ने मंगोलपुरी और पश्चिम विहार में सुबह-शाम पिंक स्कूटी और फुट पेट्रोलिंग शुरू की है। खास बात यह रही कि पुलिसकर्मियों ने सिर्फ गश्त नहीं की, बल्कि छात्राओं और आसपास के लोगों से सीधे बातचीत कर उनकी सुरक्षा संबंधी चिंताओं को समझने की कोशिश भी की।
स्कूल से बस स्टाप और बाजार तक नजर
पुलिस की यह पेट्रोलिंग स्कूलों के आसपास तक सीमित नहीं रही। मंगोलपुरी के वाल्मीकि चौक के पास स्कूल, संजय गांधी अस्पताल, वाई-ब्लॉक स्कूल, काली माता मंदिर और एस-ब्लॉक चौक जैसे स्थानों के अलावा पश्चिम विहार के पुष्पांजलि एन्क्लेव बस स्टाप, डिस्ट्रिक्ट पार्क, पश्चिम विहार बस स्टाप और ज्वालाहेड़ी मार्केट में भी पुलिसकर्मियों ने गश्त की।
इन स्थानों पर महिला पुलिसकर्मियों ने स्कूल जाने वाली छात्राओं, विद्यार्थियों और आम लोगों से बातचीत की। पुलिस ने इलाके में सुरक्षा को लेकर उनकी परेशानियों और स्थानीय माहौल के बारे में फीडबैक लिया।
कहां-कहां हुई पिंक पेट्रोलिंग?
- मंगोलपुरी: वाल्मीकि चौक के पास स्कूल, संजय गांधी अस्पताल, वाई-ब्लॉक स्कूल, काली माता मंदिर और एस-ब्लॉक चौक।
- पश्चिम विहार: पुष्पांजलि एन्क्लेव बस स्टाप, डिस्ट्रिक्ट पार्क, पश्चिम विहार बस स्टाप और ज्वालाहेड़ी मार्केट।
सड़क की सुरक्षा के साथ मोबाइल की दुनिया पर भी चेतावनी
पेट्रोलिंग के दौरान छात्राओं को व्यक्तिगत सुरक्षा और आत्मरक्षा के बारे में जानकारी दी गई। पुलिसकर्मियों ने साइबर सुरक्षा को भी बातचीत का हिस्सा बनाया।
छात्राओं को संदिग्ध लिंक से सावधान रहने, ऑनलाइन ठगी से बचने और अपनी निजी जानकारी किसी के साथ साझा करने में सतर्कता बरतने के लिए कहा गया।
पुलिस ने छात्राओं से यह भी कहा कि किसी तरह की परेशानी होने पर मदद मांगने में देर न करें और जरूरत पड़ने पर तुरंत पुलिस से संपर्क करें।
पुलिस का फोकस
- स्कूल-कॉलेज के आसपास दृश्य पुलिस मौजूदगी
- छात्राओं से सीधे संवाद
- संवेदनशील स्थानों पर नियमित पेट्रोलिंग
- सुरक्षा संबंधी फीडबैक लेना
- महिलाओं और छात्राओं में पुलिस के प्रति भरोसा बढ़ाना
एक नंबर याद रखने की अपील
जागरूकता अभियान के दौरान छात्राओं और आम लोगों को दिल्ली पुलिस की 112 आपातकालीन हेल्पलाइन और 1091 महिला हेल्पलाइन की जानकारी दी गई।
पुलिस का उद्देश्य स्कूलों और अन्य संवेदनशील स्थानों पर अपनी मौजूदगी को केवल गश्त तक सीमित रखने के बजाय लोगों के साथ सीधे संवाद के जरिए सुरक्षा का भरोसा मजबूत करना है।
आउटर जिला पुलिस के अनुसार, नियमित पिंक पेट्रोलिंग, जागरूकता कार्यक्रम और स्थानीय लोगों के साथ संवाद के जरिए महिलाओं, छात्राओं और आम लोगों के लिए सुरक्षित माहौल बनाने पर जोर दिया जा रहा है।
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