रिटायर हो चुके अग्निवीरों के लिए एलजी का 'स्पेशल प्लान', अब दिल्ली फायर ब्रिगेड में निभाएंगे अहम भूमिका
दिल्ली में फायर विभाग की मैनपावर और आपातकालीन क्षमता बढ़ाने के लिए उपराज्यपाल ने पूर्व अग्निवीरों की सेवाएं लेने का ...और पढ़ें

एलजी तरनजीत सिंह संधू ने समीक्षा बैठक में दिया निर्देश। फोटो: आर्काइव
HighLights
पूर्व अग्निवीरों को मिलेगी सरकारी नौकरी
फायर विभाग की मैनपावर बढ़ेगी
एलजी ने भर्ती का दिया सुझाव
राज्य ब्यूरो, नई दिल्ली। दिल्ली में अग्निशमन सेवाओं को मजबूत करने और फायर विभाग में कर्मचारियों की कमी दूर करने के लिए पूर्व अग्निवीरों को नियुक्त करने की तैयारी की जा रही है।
दिल्ली आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (DDMA) की बैठक में उपराज्यपाल तरनजीत सिंह ने सुझाव दिया कि फायर विभाग में रिक्तियों को तेजी से भरने के लिए पूर्व अग्निवीरों की सेवाएं ली जाएं।
उपराज्यपाल की अध्यक्षता में हुई बैठक में मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता, गृह मंत्री आशीष सूद और मंत्री प्रवेश वर्मा भी मौजूद रहे। बैठक में राजधानी में फायर सेफ्टी, अवैध निर्माण, हीट वेव एक्शन प्लान और मानसून की तैयारियों की समीक्षा की गई।
फायर सर्विस में है कर्मचारियों की कमी
बैठक के दौरान यह बात सामने आई कि दिल्ली फायर सर्विस को अधिक प्रभावी और त्वरित प्रतिक्रिया देने वाली एजेंसी बनाने के लिए मानव संसाधन बढ़ाने की आवश्यकता है।
इसी संदर्भ में एलजी ने कहा कि सेना में प्रशिक्षित होकर लौटने वाले पूर्व अग्निवीर अनुशासन, आपदा प्रबंधन और आपातकालीन परिस्थितियों से निपटने का अनुभव रखते हैं, जिसका लाभ फायर विभाग को मिल सकता है।
इसके साथ ही राजधानी में फायर स्टेशनों की संख्या बढ़ाने की योजना पर भी चर्चा हुई, ताकि किसी भी आगजनी या आपदा की स्थिति में प्रतिक्रिया समय कम किया जा सके।
फायर विभाग की क्षमता होगी मजबूत
अधिकारियों का मानना है कि पूर्व अग्निवीरों की नियुक्ति से न केवल रिक्त पदों को भरने में मदद मिलेगी, बल्कि फायर सर्विस की कार्यक्षमता और आपदा प्रतिक्रिया क्षमता भी मजबूत होगी।
बैठक में फायर सुरक्षा नियमों के सख्त पालन, बहुमंजिला इमारतों में अग्नि सुरक्षा उपायों के विस्तार और अधिकारियों की जवाबदेही तय करने पर भी जोर दिया गया।
हालांकि, पूर्व अग्निवीरों को फायर विभाग में शामिल करने का सुझाव बैठक का सबसे प्रमुख निर्णय माना जा रहा है, क्योंकि इससे अग्निवीर योजना से लौटे युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर भी खुल सकते हैं।
अवैध निर्माण और लाइसेंस दुरुपयोग पर सख्ती
एलजी ने शहर में जारी अवैध निर्माण और फायर सेफ्टी लाइसेंस के दुरुपयोग के मामलों की समीक्षा करते हुए कहा कि खुलेआम हो रहे गैरकानूनी निर्माण और अनधिकृत प्लॉटिंग पर तत्काल रोक लगाई जानी चाहिए।
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने भी सभी एजेंसियों के बीच बेहतर समन्वय की आवश्यकता पर जोर दिया। एलजी ने कहा कि दिल्ली देश की राजधानी है और यहां प्रशासनिक शक्तियों के कम उपयोग या बहानों के लिए कोई जगह नहीं है।
लापरवाही का असर पड़ेगा ACR पर
एलजी ने चेतावनी दी कि किसी भी अधिकारी की लापरवाही, उदासीनता या कार्य निष्पादन में कमी का सीधा प्रभाव उसकी वार्षिक गोपनीय रिपोर्ट (एसीआर) की ग्रेडिंग पर पड़ेगा।
दिल्ली फायर सर्विस एक्ट की धारा 32 होगी सख्ती से लागू
बैठक में गृह मंत्री आशीष सूद के उस सुझाव को भी मंजूरी दी गई, जिसके तहत दिल्ली फायर सर्विस एक्ट-2007 की धारा 32 को सख्ती से लागू किया जाएगा। इसके तहत राजधानी की सभी बहुमंजिला इमारतों में अग्नि सुरक्षा उपाय लागू होंगे, चाहे उन्हें फायर सेफ्टी सर्टिफिकेट की आवश्यकता हो या नहीं।
नागरिकों की भागीदारी से अवैध निर्माण पर निगरानी
पारदर्शिता बढ़ाने और अवैध निर्माण पर अंकुश लगाने के लिए एलजी ने सुझाव दिया कि एमसीडी अपने 311 ऐप और पोर्टल पर ऐसी व्यवस्था विकसित करे, जहां नागरिक चल रहे अवैध निर्माणों की तस्वीरें अपलोड कर सकें। उन्होंने इसे नागरिक सहभागिता आधारित सुशासन की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया।
मानसून में जलभराव पर ‘जीरो टॉलरेंस’ नीति
मानसून तैयारियों की समीक्षा करते हुए एलजी ने नालों की सफाई और डी-सिल्टिंग कार्यों को पूरी गंभीरता से लागू करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि बारिश के मौसम में जलभराव और बाढ़ की स्थिति को लेकर प्रशासन की नीति ‘जीरो टॉलरेंस’ की होनी चाहिए।
एलजी ने अधिकारियों से कहा कि प्रशासनिक सीखने की प्रक्रिया कभी नहीं रुकनी चाहिए और सभी विभागों को हर व्यावहारिक सुझाव और समाधान के प्रति खुला दृष्टिकोण अपनाना चाहिए, ताकि राजधानी को सुरक्षित और आपदा-प्रतिरोधी बनाया जा सके।
यह भी पढ़ें- दिल्ली-आगरा हाईवे पर सूरजकुंड रोड से जाना अब आसान, फरीदाबाद में ग्रीनफील्ड और सेक्टर-45 को जोड़ेगा नया पुल
देश और दुनिया की ताजा खबरों के लिए Hindi News देखें। Live Cricket Score , IPO Listings, Shiv Chalisa, राशिफल और दुर्गा चालीसा पर अन्य जानकारी पाएं।