दिल्ली के आबकारी विभाग के दो कर्मचारियों के अपहरण का आरोपित 23 दिन बाद नेपाल सीमा पर पकड़ा गया
आबकारी विभाग के दो कर्मचारियों के अपहरण और मारपीट के मामले में मुख्य साजिशकर्ता विनोद कुमार को भारत-नेपाल सीमा से ...और पढ़ें
-1774288216861_m.webp)
दो कर्मचारिेयों के अपहरण मामले में पुलिस ने मास्टर माइंड को भारत-नेपाल बार्डर से गिरफ्तार किया।
HighLights
आबकारी कर्मचारियों के अपहरण का मुख्य साजिशकर्ता गिरफ्तार।
23 फरवरी को शालीमार बाग में हुई थी घटना।
आरोपी को भारत-नेपाल सीमा से पकड़ा गया।
जागरण संवाददाता, बाहरी दिल्ली। गत 23 फरवरी को शालीमार बाग क्षेत्र में अवैध शराब की बिक्री के बारे में जानकारी जुटा रहे आबकारी विभाग के दो कर्मचारिेयों के अपहरण व मारपीट के मामले में पुलिस ने मास्टर माइंड को भारत-नेपाल बार्डर से गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस का कहना है कि मूल रूप से झज्जर (हरियाणा) का रहने वाला आरोपित नेपाल भागने की फिराक में था।
उत्तर-पश्चिम जिला पुलिस उपायुक्त आकांक्षा यादव ने बताया कि जिले की एएटीएस टीम ने डकैती और अपहरण के मामले में मास्टरमाइंड को नेपाल बार्डर तक पीछा कर दबोच लिया। सैकड़ों मोबाइल नंबरों के विश्लेषण के दौरान एक संदिग्ध की लोकेशन जीरकपुर (पंजाब) में पाई गई। टीम वहां पहुंची, परंतु आरोपित ठिकाना बदलकर उत्तराखंड, फिर नैनीताल, उसके बाद कैंची धाम होते हुए अंततः नेपाल-भारत सीमा के पास बनबसा हाईवे की ओर चला गया।
आरोपित पूर्व में पांच मामलों में संलिप्त
पुलिस टीम ने लगातार उसका पीछा किया और उसे भारत-नेपाल सीमा पर उसे नेपाल भागने का प्रयास करते समय पकड़ लिया। उसकी पहचान विनोद कुमार निवासी गांव असौदा, जिला झज्जर (हरियाणा) के रूप में हुई। पूछताछ में आरोपित ने अपनी संलिप्तता स्वीकार की। उनकी निशानदेही पर अपराध में प्रयुक्त वाहन एवं दो मोबाइल फोन बरामद किए गए। आरोपित पूर्व में पांच मामलों में संलिप्त पाया गया।
इससे पहले पुलिस ने मुख्य आरोपित राहुल नैन निवासी गांव सिसरोली, रोहतक (हरियाणा) को गिरफ्तार किया। जांच में सामने आया कि राहुल नैन इस मामले का मुख्य आरोपित है, जो हरियाणा से दिल्ली में अवैध शराब की सप्लाई करता था। पूछताछ में उसने अपनी संलिप्तता स्वीकार की तथा अन्य साथियों के नाम बताए।
ये था मामला
जिला पुलिस उपायुक्त ने बताया कि 23 फरवरी को तड़के लगभग 2:15 बजे आबकारी विभाग के कांस्टेबल नरेश शर्मा अपने ड्राइवर राहुल के साथ शालीमार बाग में अवैध शराब आपूर्ति के संबंध में सूचना एकत्र कर रहे थे।
शिकायतकर्ता नरेश शर्मा ने बताया कि इसी दौरान कुछ अज्ञात व्यक्ति लाठी-डंडों से लैस होकर उनके पास आए और उनकी उपस्थिति के बारे में पूछताछ करने लगे। अपनी पहचान बताने पर आरोपी आक्रामक हो गए। गाली-गलौच करते हुए दोनों के साथ मारपीट की और घायल कर दिया। इसके बाद उनसे जबरन कार की चाबी छीन ली और दोनों का उसी वाहन में अपहरण कर लिया।
शराब के गोदाम में बंधक बनाकर रखा
दो अन्य वाहनों के साथ बहालगढ़ (सोनीपत) ले गए, जहां उन्हें एक शराब के गोदाम में बंधक बनाकर रखा गया। वहां उन्हें पुनः पीटा गया, पिस्टल दिखाकर धमकाया गया तथा डराने-धमकाने के लिए उनकी वीडियो रिकॉर्डिंग भी की गई। सरकारी पहचान पत्र व आठ हजार रुपये छीन लिया। कुछ समय बाद पीड़ितों को छोड़ दिया गया।
