हिरासत के बाद ममता बनर्जी का बड़ा एलान, द्वारका नॉर्थ थाने के अंदर ही शुरू किया अनिश्चितकालीन धरना
पुलिस हिरासत में लिए जाने के बाद ममता बनर्जी ने द्वारका नॉर्थ पुलिस स्टेशन में अनिश्चितकालीन धरने की घोषणा की ...और पढ़ें

ममता बनर्जी ने द्वारका सेक्टर-17 थाने में शुरू किया धरना। फोटो: इंटरनेट
HighLights
CJP प्रदर्शन को लेकर दिल्ली में राजनीतिक तनाव बढ़ा
ममता बनर्जी और पांच सांसद पुलिस हिरासत में लिए गए
ममता बनर्जी ने थाने में अनिश्चितकालीन धरने का ऐलान किया
डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। दिल्ली में कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के प्रदर्शन को लेकर शनिवार को राजनीतिक तनाव बढ़ गया। मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ प्रस्तावित प्रदर्शन के बीच पुलिस की कार्रवाई, विपक्षी नेताओं को हिरासत में लिए जाने और राजधानी में लगाए गए प्रतिबंधों को लेकर विवाद गहरा गया है।
तृणमूल कांग्रेस के सांसद साकेत गोखले ने सोशल मीडिया प्लेटफाॅर्म एक्स पर दावा किया कि ममता बनर्जी और पांच सांसदों को हिरासत में लेकर द्वारका नॉर्थ सेक्टर-17 पुलिस स्टेशन पहुंचाया गया है। गोखले के मुताबिक, ममता बनर्जी ने थाने पर ही अनिश्चितकालीन धरने का एलान किया है।
गोखले की पोस्ट में आरोप लगाया गया कि नेताओं को करीब दो घंटे तक पुलिस वैन में घुमाने के बाद थाने लाया गया। उन्होंने इसे ‘किडनैपिंग’ बताया और कहा कि उनका संघर्ष जारी रहेगा। यह आरोप सांसद की सोशल मीडिया पोस्ट पर आधारित है।
क्या है CJP प्रदर्शन का पूरा मामला?
CJP ने 10 अक्टूबर को दिल्ली के जंतर-मंतर पर मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ प्रदर्शन का आह्वान किया था। प्रदर्शन का मुद्दा मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी SIR को लेकर उठाए जा रहे सवाल और चुनाव आयोग की जवाबदेही है। प्रदर्शनकारियों की मांगों में मुख्य चुनाव आयुक्त के इस्तीफे की मांग भी शामिल है।
दिल्ली पुलिस ने प्रदर्शन की अनुमति देने से इनकार कर दिया। पुलिस के मुताबिक, आयोजकों ने 7 अक्टूबर को अनुमति के लिए आवेदन किया था, जबकि इस तरह के प्रदर्शन के लिए कम-से-कम 10 दिन पहले आवेदन किया जाना चाहिए।
पुलिस ने पहले के प्रदर्शनों के दौरान तय शर्तों के कथित उल्लंघन, कानून-व्यवस्था, सार्वजनिक सुरक्षा और यातायात बाधित होने की आशंका को भी अनुमति नहीं देने की वजह बताया।
अब आगे क्या?
ममता बनर्जी के धरने के एलान और सांसदों को हिरासत में लिए जाने के दावे के बाद इस घटनाक्रम पर राजनीतिक नजरें टिकी हैं।
आने वाले समय में पुलिस की ओर से हिरासत में लिए गए नेताओं की स्थिति और उन्हें थाने लाए जाने की परिस्थितियों पर आधिकारिक जानकारी महत्वपूर्ण होगी। फिलहाल, CJP के प्रदर्शन को लेकर दिल्ली में सुरक्षा व्यवस्था और राजनीतिक बयानबाजी दोनों जारी हैं।
