केजरीवाल के परिवार को वोटर लिस्ट से हटाने का नोटिस, AAP ने EC से कहा- 'क्या सब सुप्रीम लॉर्ड को खुश करने के लिए हो रहा है?'
अरविंद केजरीवाल और उनके परिवार के पांच सदस्यों को दिल्ली सीईओ कार्यालय से वोटर लिस्ट से नाम हटाने का नोटिस ...और पढ़ें

आप के राष्ट्रीय संयोजक और दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल और उनके परिवार के सदस्य। फाइल फोटो
HighLights
केजरीवाल परिवार को दिल्ली सीईओ से वोटर लिस्ट का नोटिस।
विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान (एसआईआर 2026) के तहत कार्रवाई हुई।
चुनाव आयोग ने नवंबर की अंतिम सूची में नाम शामिल करने की पुष्टि।
डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। आम आदमी पार्टी (आप) के राष्ट्रीय संयोजक और दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल और उनके परिवार के चार सदस्यों को दिल्ली मुख्य निर्वाचन अधिकारी (सीईओ) कार्यालय द्वारा नोटिस जारी किए गए हैं। यह कार्रवाई दिल्ली में चलाए जा रहे विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर 2026) अभियान के तहत की गई है। हालांकि, आयोग की ओर से भी इसका जवाब आ गया है।
क्या है केजरीवाल को ईसी की नोटिस भेजने का पूरा मामला?
जिन सदस्यों को नोटिस भेजे गए हैं, उनमें अरविंद केजरीवाल, उनकी पत्नी सुनीता केजरीवाल, बेटे पुलकित केजरीवाल और पिता गोबिंद राम केजरीवाल व माता गीता देवी शामिल हैं। केजरीवाल नई दिल्ली-40 विधानसभा क्षेत्र के पंजीकृत मतदाता हैं। चुनाव आयोग के दस्तावेजों के अनुसार, केजी मार्ग स्थित 'पार्ट-51' के 110 मतदाताओं की सूची में केजरीवाल परिवार के सदस्यों के नाम भी शामिल हैं, जिन्हें यह नोटिस जारी किया गया है।
नवंबर की सूची में आ जाएगा नाम
बाद में चुनाव आयोग के एक अधिकारी ने स्पष्ट किया कि उन्हें नवंबर में आने वाली अंतिम सूची में शामिल किया जाएगा, क्योंकि नोटिस केवल इसलिए जारी किए गए हैं क्योंकि वे पिछली एसआईआर सूची में खुद को शामिल नहीं कर पाए थे।
हम तो पहले दिन से कह रहे हैं कि ये SIR नहीं बीजेपी का खेल चल रहा है। इनका बस चले तो ये मोदी और अमित शाह का ही वोट का अधिकार रखें और सब विरोधियों के वोट काट दें।
— Anurag Dhanda (@anuragdhanda) September 19, 2026
तीन बार के दिल्ली के मुख्यमंत्री @ArvindKejriwal जी और उनके परिवार के वोट दिल्ली की वोटर लिस्ट से ग़ायब करना कौन सी… https://t.co/ayjeEfikoJ
आम आदमी पार्टी ने चुनाव आयोग पर उठाए सवाल
अरविंद केजरीवाल और उनके परिवार का नाम वोटर लिस्ट से हटाए जाने की प्रक्रिया पर आम आदमी पार्टी ने कड़ी प्रतिक्रिया व्यक्त की है। 'आप' ने सोशल मीडिया के जरिए चुनाव आयोग पर निशाना साधते हुए कहा, 'क्या इस देश में सब कुछ सिर्फ सुप्रीम लॉर्ड को खुश रखने के लिए हो रहा है? चुनाव आयोग, यह कैसे संभव है कि तीन बार दिल्ली के मुख्यमंत्री रहे अरविंद केजरीवाल और उनके परिवार के सदस्यों के नाम दिल्ली की वोटर लिस्ट से गायब हैं?'
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता को भी मिला था नोटिस
निर्वाचन आयोग की इस एसआईआर प्रक्रिया के तहत केवल विपक्ष ही नहीं, बल्कि दिल्ली की मौजूदा मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता को भी नोटिस जारी किया गया था। सीएम रेखा गुप्ता की शालीमार बाग वोटर लिस्ट एंट्री को 'लॉजिकल डिस्क्रिपेंसी' (तार्किक विसंगति) के रूप में चिह्नित किया गया था।
हालांकि, जांच और दस्तावेजों के सत्यापन के बाद उनका नाम वैध कर दिया गया है। मुख्यमंत्री का नाम 4 नवंबर 2026 को प्रकाशित होने वाली अंतिम मतदाता सूची में शामिल रहेगा। वहीं, केजरीवाल और उनके परिवार को 'नो-मैपिंग' श्रेणी में फ्लैग किया गया है।
47.6 लाख नाम वोटर लिस्ट से हटे
- दिल्ली में मतदाता सूची को अद्यतन (अपडेट) करने के लिए बड़े पैमाने पर एसआईआर 2026 अभियान चलाया जा रहा है।
- 31 अगस्त 2026 को प्रकाशित ड्राफ्ट वोटर लिस्ट से करीब 47.6 लाख नाम हटाए गए थे।
- मतदाता सूची में किसी भी प्रकार के दावे या आपत्तियां दर्ज कराने की अंतिम तिथि 30 सितंबर 2026 तय की गई है।
- सभी जांच और सत्यापन के बाद दिल्ली की अंतिम मतदाता सूची 4 नवंबर 2026 को प्रकाशित की जाएगी।
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