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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jan 27, 2021 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

दिल्ली हिंसा मामले में 200 उपद्रवी हिरासत में, पुलिस ने दर्ज की 35 FIR; SIT करेगी जांच

By Mangal YadavEdited By:
Published: Wed, 27 Jan 2021 09:07 AM (IST)Updated: Wed, 27 Jan 2021 01:55 PM (IST)

दिल्ली में मंगलवार को ट्रैक्टर परेड के दौरान हुई हिंसा के मामले में पुलिस ने 35 FIR दर्ज की है। ...और पढ़ें

लाल किला में टिकट काउंटर और खिड़की तोड़ने की फोटो- ANI
लाल किला में टिकट काउंटर और खिड़की तोड़ने की फोटो- ANI

नई दिल्ली जेएनएन/ एएनआइ। मंगलवार को किसानों के ट्रैक्टर परेड की आड़ में दिल्ली में उपद्रव करने के मामले में पुलिस अब तक 35 एफआईआर दर्ज कर चुकी है। 30 और एफआइआर दर्ज होने की संभावना है।दिल्ली पुलिस ने आइपीसी की धारा-395 (डकैती), 397 (डकैती, या डकैती, मौत या शिकायत पर चोट पहुंचाने की कोशिश), 120 b (आपराधिक साजिश की सजा) और अन्य धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज की है। पुलिस ने कहा है कि जांच के लिए एसआइटी गठित की जाएगी। दिल्ली दंगे की तरह किसान आंदोलन में हुए उपद्रव की भी जांच होगी। पुलिस सभी उपद्रवियों के खिलाफ कार्रवाई करेगी। 

उपद्रव के दौरान 300 पुलिस कर्मी घायल हुए थे। अब तक इस मामले में पुलिस 200 लोगो को हिरासत में ले चुकी है। ये वो हैं जो उपद्रव के दौरान घायल हुए थे और अलग-अलग अस्पतालों में भर्ती हुए थे। पुलिस इन्हे पूछताछ के बाद गिरफ्तार कर लेगी। किसी उपद्रव को रोकने के लिए दिल्ली में कड़ी सुरक्षा व्यवस्था कर दी गई है।  सिंघु बॉर्डर पर बड़ी संख्या में सुरक्षाकर्मियों को तैनात किया गया है। जहां पर किसान धरना प्रदर्शन कर रहे हैं। इसके अलावा लाल किला पर भी सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। यहां पर अर्धसैनिक बलों को तैनात किया गया है।

अब और अराजकता बर्दाश्त नहीं करेगी पुलिस

वहीं, मंगलवार की घटनाओं में कई स्थानों पर पत्थरबाजी के सामने पुलिस पीछे हटती दिखी थी। केंद्रीय गृह मंत्री के साथ अधिकारियों की बैठक के बाद संकेत मिले हैं कि मंगलवार को जरूरत से ज्यादा संयम दिखा चुकी पुलिस अब अराजकता बर्दाश्त नहीं करेगी। उधर, कई किसान संगठनों और नेताओं की पृष्ठभूमि पर पहले ही संदेह जता रही खुफिया एजेंसी की रिपोर्ट पर कार्रवाई भी हो सकती है। खुफिया एजेंसी को अब भी हिंसा की आशंका है।

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अर्धसैनिक बलों की 15 कंपनियां तैनात

ट्रैक्टर रैली के दौरान उपद्रवियों द्वारा बड़े पैमाने पर गड़बड़ी के बाद पुलिस ने कमर कस ली है। राजधानी में अर्धसैनिक बलों की 15 कंपनियां तैनात की गई हैं। इसमें 10 कंपनी सीआरपीएफ जबकि पांच कंपनी सीआइएसएफ व अन्य बलों के जवानों की तैनाती की गई है। इसमें करीब 15 सौ जवान राजधानी में शांति व कानून व्यवस्था बनाएंगे।

32 बसों में तोड़फोड़ शीशे और लाइटें तोड़ीं

वहीं, दिल्ली में किसानों की ट्रैक्टर परेड के दौरान 32 से अधिक बसें उपद्रव की भेंट चढ़ गई हैं। इन बसों के शीशे और लाइटें तोड़ दी गई हैं। इसके अंदर अन्य नुकसान भी पहुंचाया गया है। इनमें डीटीसी और क्लस्टर सेवा की बसे शामिल हैं। कुछ स्थानों पर बसों की हवा निकालने की भी कोशिश की गई है। कुछ बसें पुलिस फोर्स को ले जाने के लिए भी लगी थीं। इनमें पांच बसें आइटीओ के आसपास ही तोड़ दी गईं।

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