नई दिल्ली, प्रेट्र। भारतीय टीम को जून में दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ पांच और आयरलैंड के खिलाफ दो टी-20 अंतरराष्ट्रीय मैच खेलने हैं और ऐसे में तेज गेंदबाजी सनसनी उमरान मलिक पर चयन समिति की निगाह रहेगी और काफी संभावना है कि उन्हें राष्ट्रीय टीम में मौका मिल सकता है।

भारत दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ नौ, 12, 14, 17, 20 जून को पांच मैचों की घरेलू सीरीज खेलेगा। इसके बाद आयरलैंड के मालाहाइड में टीम को 26 जून और 28 जून को दो टी-20 मैच खेलने हैं। आयरलैंड दौरे के समय भारत की मुख्य टीम इंग्लैंड में होगी, जहां शीर्ष खिलाड़ी इंग्लैंड के खिलाफ जुलाई की शुरुआत में शुरू होने वाले पांच टेस्ट की सीरीज के निर्णायक टेस्ट की तैयारी में जुटे होंगे। ऐसे में दक्षिण अफ्रीका और आयरलैंड के खिलाफ नए खिलाडि़यों को मौका मिलेगा।

संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) में भारत के पिछले टी-20 विश्व कप अभियान के दौरान उमरान नेट गेंदबाज थे। बीसीसीआइ आस्ट्रेलिया में होने वाले आगामी टी-20 विश्व कप के लिए तेज गेंदबाजों का एक बड़ा पूल बनाने के लिए उत्सुक है और अगर सब कुछ ठीक रहा और वह अगले दो महीने फिट रहते हैं तो अपनी तेज गति के साथ उमरान के टीम में जगह बनाने की उच्च संभावना है। प्रमुख गेंदबाजों में जसप्रीत बुमराह, भुवनेश्वर कुमार, आवेश खान, हर्षल पटेल, मुहम्मद सिराज, दीपक चाहर (फिट होने पर), मुहम्मद शमी और उमेश यादव शामिल हैं, जिनका कार्यभार प्रबंधन सर्वोपरि होगा।

आइपीएल में अच्छा प्रदर्शन करने वाले उमरान, बायें हाथ के गेंदबाज टी नटराजन और अर्शदीप सिंह को आने वाले दिनों में राष्ट्रीय टीम में मौका मिल सकता है। सनराइजर्स हैदराबाद के गेंदबाजी कोच और तेज गेंदबाज डेल स्टेन ने जम्मू के इस खिलाड़ी को प्रतिभाशाली करार दिया। स्टेन ने कहा, 'उमरान के साथ मेरा काम यह सुनिश्चित करना है कि वह तेजी से दौड़ें और खिलाडि़यों को अलग तरह से खेलने को मजबूर करें। हमारे लिए बाहर बैठना और यह देखना रोमांचक है कि वह कितने प्रतिभाशाली हैं।'

समझा जाता है कि चेतन शर्मा की अगुआई वाली चयन समिति उमरान पर करीबी नजर रखेगी। वह इस समय भारत के सबसे तेज गेंदबाज हैं और नियमित रूप से 95 मील (लगभग 152 किलोमीटर) प्रतिघंटे की रफ्तार से गेंदबाजी करते है। उन्होंने आइपीएल के इस सत्र में छह मैचों में नौ विकेट लिए हैं और श्रेयस अय्यर जैसे स्थापित बल्लेबाजों को परेशान किया है।

भारतीय के पूर्व दिग्गज सुनील गावस्कर भी जम्मू-कश्मीर के इस गेंदबाज से काफी प्रभावित हैं। उन्होंने कहा, 'इस गति से गेंदबाजी करने वाले गेंदबाज काफी वाइड गेंद डाल देते हैं, लेकिन उमरान का नियंत्रण अच्छा है। अगर वह लेग साइड की वाइड गेंद नियंत्रित कर लेते हैं तो काफी खतरनाक गेंदबाज बन जाएंगे।

पूर्व सलामी बल्लेबाज और महिला टीम के कोच रहे डब्ल्यूवी रमन को लगता है कि उमरान को भारतीय टीम प्रणाली में शामिल करने का यही सही समय है। राष्ट्रीय क्रिकेट अकादमी के इस पूर्व बल्लेबाजी कोच ने कहा, 'वह एक विशेष प्रतिभा हैं। उनके पास गति है और अब वह धीरे-धीरे तेज गेंदबाजी की बारीकियां सीख रहे हैं। जब एक युवा गेंदबाज के पास गति होती है, तो उसे टीम में शामिल करने से पहले तीन सत्रों तक इंतजार नहीं करना चाहिए।'

चयन समिति के पूर्व सदस्य देवांग गांधी का मानना है कि तेज गेंदबाजों के खिलाफ आस्ट्रेलिया में काफी रन बन सकते हैं। उन्होंने कहा, 'आस्ट्रेलिया में पिच बल्लेबाजी के लिए बहुत अच्छी होगी, ऐसे में मुझे विश्वास है कि भारत विश्व कप में अनुभव पर भरोसा करेगा। टी-20 विश्व कप के लिए विभिन्न विकल्पों को परखने के लिए उमरान को आजमाने में हालांकि कोई बुराई नहीं है।'

Edited By: Sanjay Savern