चेन्नई सुपर किंग्स ने बदला अपना पूरा कोचिंग स्टाफ, माइकल हसी समेत 5 दिग्गजों को एक साथ किया बाहर
आईपीएल 2027 से पहले चेन्नई सुपर किंग्स ने अपने कोचिंग स्टाफ में बड़ा बदलाव किया है, जहीर खान को नया ...और पढ़ें

माइकल हसी

समय कम है?
जानिए मुख्य बातें और खबर का सार एक नजर में
स्पोर्ट्स डेस्क, नई दिल्ली। आईपीएल 2027 से पहले चेन्नई सुपर किंग्स ने अपने कोचिंग स्टाफ में पूरी तरह से बदलाव कर दिया है। चेन्नई ने हाल ही में 18 साल से हेड रहे स्टीफन फ्लेमिंग को हटाया था। उनकी जगह पूर्व भारतीय तेज गेंदबाज जहीर खान को अपना मुख्य कोच बनाया। अब फ्रेंचाइजी अपने पूरे कोचिंग स्टाफ को बदल रही है। उन्होंने माइकल हसी और राजीव कुमार सहित कई कोचों को हटा दिया है।
सीएसके में इस तरह का बदलाव आमतौर पर देखने को नहीं मिलता है। हालांकि, पिछले तीन सीजन में फ्रेंचाइजी तमाम प्रयासों के बावजूद आईपीएल के प्लेऑफ में अपनी जगह पक्की नहीं कर सकी। ऐसे में उन्होंने आगामी सीजन से पहले कोचिंग स्टाफ में बदलाव करने का फैसला किया। सबसे बड़ा हैरानी भरा फैसला तब सामने आया, जब फ्लेमिंग ने अपना पद छोड़ा, जो 18 सालों से टीम के साथ बने हुए थे।
चेन्नई के कोचिंग स्टाफ में बदलाव
सीएसके ने असिस्टेंट कोच राजीव कुमार को उनके पद से हटा दिया है। राजीव फ्रेंचाइजी के साथ आठ सालों से जुड़े हुए थे। उन्होंने टीम के लिए पहले फील्डिंग कोच के तौर पर काम किया और फिर असिस्टेंट कोच बनाए गए। हालांकि, अब सीएसके के साथ उनका नाता टूट गया है। राजवी के अलावा सीएसके ने बैटिंग कोच माइकल हसी को भी हटा दिया है। वे भी आठ सालों से टीम के साथ बने हुए थे।
बॉलिंग कोच एरिक सिमंस, स्ट्रेंथ एंड कंडीशनिंग कोच ग्रेग किंग को भी फ्रेंचाइजी ने हटाने का फैसला किया है। इसके अलावा फिजियोथेरेपिस्ट टॉमी सिमसेक को भी हटाने का फैसला किया है। इस तरह फ्रेंचाइजी ने कुल पांच कोचों को एक साथ हटाने का फैसला कर लिया है। श्रीधरन श्रीराम, जो असिस्टेंट बॉलिंग कोच हैं, अभी भी टीम के साथ बने हुए हैं। उनके अलावा जहीर खान हेड कोच हैं, जो अब नया कोचिंग स्टाफ बनाएंगे।
गैरेथ बैटी टीम के साथ जुड़े
इंग्लैंड के पूर्व क्रिकेट गैरेथ बैटी चेन्नई के साथ असिस्टेंट कोच के तौर पर जुड़ चुके हैं। उन्होंने सरे को लगातार तीन बार चैंपियन बनाया था। 2022, 2023 और 2024 में सरे ने काउंटी चैंपियनशिप का खिताब जीता। 2025 में भी टीम फाइनल में पहुंची लेकिन खिताबी चौका लगाने से चूक गई।
