नई दिल्ली, आनलाइन डेस्क। भारतीय टीम को इंग्लैंड के खिलाफ इसी शुक्रवार से बर्मिंघम टेस्ट में खेलने उतरना है। इस मैच में टीम इंडिया की कमान नियमित कप्तान रोहित शर्मा की जगह तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह के हाथों में रहने वाली है। कोरोना संक्रमित होने की वजह से वह टीम चयन के लिए उपलब्ध नहीं होंगे। इसका मतलब यह है कि 35 साल के बाद एक तेज गेंदबाज भारत के लिए टेस्ट में कप्तानी करने उतरेगा।

भारतीय टीम के लिए 1 जून 2022 का दिन कुछ खास होने जा रहा है। टीम इंडिया की कमान तीन दशक के बाद एक बार फिर से किसी तेज गेंदबाज के हाथों में होगी। इंग्लैंड के खिलाफ रोहित के कोरोना संक्रमित पाए जाने के बाद  मैच से एक दिन पहले यह तय किया गया कि बुमराह कप्तान होंगे।

35 साल बाद तेज गेंदबाज होगा टेस्ट कप्तान

भारत के दिगग्ज आलराउंडर कपिल ने साल 1983 से 1987 के बीच भारत के लिए 34 टेस्ट मैचों में कप्तानी की थी। बुमराह 1987 के बाद ऐसे पहले तेज गेंदबाज होंगे जो इस फार्मेट में टीम की कप्तानी करने उतरेंगे। रोहित की गैरमौजूदगी में टीम की कमान संभालते ही बुमराह 35 सालों के तेज गेंदबाज के टेस्ट कप्तान बनने के सूखे को खत्म करेंगे। टेस्ट में कप्तानी करने वाले बुमराह 36वें भारतीय होंगे।

टेस्ट कप्तानी करने वाले तीसरे गेंदबाज होंगे बुमराह

बुमराह टेस्ट क्रिकेट में भारतीय टीम की कमान संभालने वाले तीसरे गेंदबाज होंगे। साल 1932 में भारत ने पहला टेस्ट मैच खेला था तब से अब तक दो ही गेंदबाजों को टेस्ट में कप्तानी का जिम्मा मिला। 15 टेस्ट में लाला अमरनाथ और फिर दुनिया के महानतम गेंदबाजी आलराउंडर में शुमार कपिल देव ने 1983 से 1987 तक 34 टेस्ट मैचों में इस जिम्मेदारी को निभाया।। ये दोनों ही मध्यम गति के तेज गेंदबाज थे।

जसप्रीत बुमराह का करियर

जनवरी 2016 में पहला इंटरनेशनल मैच खेलने वाले बुमराह ने अब तक शानदार खेल दिखाया है। 29 टेस्ट मैच खेलते हुए उन्होंने कुल 123 विकेट चटकाए हैं वहीं वनडे में 70 मुकाबले में 113 विकेट उनके नाम हैं। टी20 की बात करें तो 57 मैच खेलकर 67 विकेट उन्होंने झटके हैं।

Edited By: Viplove Kumar