सर्च करे
Home
फोकस
विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

भारतीय चीनी को लेकर अमेरिका से आई गुड न्यूड, कम ड्यूटी के साथ बढ़ाया 542 टन निर्यात का एक्स्ट्रा कोटा!

Published: Fri, 25 Sep 2026 12:29 PM (IST)

अमेरिका ने वित्त वर्ष 2026-27 के लिए भारत से कच्ची गन्ना चीनी के आयात हेतु टैरिफ-रेट कोटा (TRQ) के तहत अतिरिक्त 542 मीट्रिक टन का आवंटन किया है।

अमेरिका ने TRQ के तहत चीनी के एक्स्ट्रा निर्यात को मंजूरी

अमेरिका ने TRQ के तहत चीनी के एक्स्ट्रा निर्यात को मंजूरी

HighLights

  1. अमेरिका ने भारत को 542 मीट्रिक टन अतिरिक्त चीनी कोटा दिया।

  2. कुल कोटा बढ़कर 9,148 MTRV हुआ, भारतीय निर्यातकों को फायदा।

  3. कम शुल्क पर अमेरिकी बाजार में चीनी निर्यात का अवसर।

बिजनेस डेस्क, नई दिल्ली| भारतीय चीनी निर्यातकों के लिए अमेरिका से राहत भरी खबर सामने आई है। अमेरिका ने वित्त वर्ष 2026-27 के टैरिफ-रेट कोटा (TRQ) के तहत भारत से कच्ची गन्ना चीनी के इंपोर्ट के लिए अतिरिक्त 542 मीट्रिक टन रॉ वैल्यू का आवंटन किया है। इस फैसले के बाद अमेरिका में कम शुल्क पर चीनी भेजने के लिए भारत की कुल सीमा बढ़कर 9,148 MTRV हो गई है।

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, अमेरिकी व्यापार प्रतिनिधि कार्यालय (USTR) ने FY2026-27 में बचे समय के लिए कच्ची गन्ना चीनी के TRQ के तहत कई देशों के लिए आवंटन की घोषणा की।

अमेरिका ने बढ़ाया निर्यात कोटा

कुल इन-कोटा मात्रा 11,17,195 मीट्रिक टन रॉ वैल्यू (MTRV) निर्धारित की गई है। यह विश्व व्यापार संगठन (WTO) समझौते के तहत अमेरिका की मिनिमम कमिटमेंट को पूरा करती है। अमेरिका ने इससे पहले 24 जुलाई 2026 को विभिन्न व्यापारिक साझेदारों के बीच 10,61,202 MTRV का शुरुआती आवंटन किया था। अब USTR ने बची हुई 55,993 MTRV मात्रा का भी आवंटन कर दिया है।

भारत को क्या फायदा?

अमेरिका की ओर से रॉ गन्ना चीनी के निर्यात का कोटा बढ़ाए जाने के बाद भारतीय निर्यातकों को सीधा फायदा होगा। एक्सपर्ट्स के मुताबिक भारतीय चीनी निर्यातकों को अमेरिकी बाजार में तरजीही पहुंच के लिए अधिक मात्रा उपलब्ध होगी। पात्र एक्सपोर्टर्स जरूरी कोटा पात्रता और मूल देश से संबंधित दस्तावेज पूरे करने की शर्त पर कम ड्यूटी पर अमेरिकी बाजारों में पहुंच सकेंगे।

1 अक्टूबर से लागू होगा नया कोटा

अमेरिका की ओर से एक्सट्रा आवंटन नए फाइनेंशियल ईयर के लिए किया गया है, जो 1 अक्टूबर 2026 से 30 सितंबर 2027 तक चलेगा। भारत के लिए कच्ची गन्ना चीनी का मूल WTO आवंटन 8,606 MTRV, यानी 9,486 शॉर्ट टन घोषित किया गया है। यह WTO प्रतिबद्धताओं के तहत ऐतिहासिक व्यापार हिस्सेदारी के आधार पर निर्धारित है। इस नए अतिरिक्त आवंटन इस मूल कोटे से अधिक उपलब्ध कराई गई मात्रा है।

भारत के लिए सर्टिफिकेशन जरूरी

भारत सहित शुद्ध चीनी आयातक देशों के लिए अमेरिका को निर्यात की जाने वाली चीनी के मूल देश की पुष्टि और कोटा पात्रता को सर्टिफाइड करने के लिए प्रमाणित करने वाले वैलिड सर्टिफिकेशन जरूरी हैं। भारत की व्यापक चीनी एक्सपोर्ट पॉलिसी घरेलू सप्लाई की स्थिति और लागू नियमों के अधीन बनी रहेगी।

ये भी पढ़ें: 4 साल बाद इंटरनेशनल मार्केट में लौटा भारत का गेहूं, टूट पड़े खरीदार! बांग्लादेश ने की 200000 टन की बुकिंग, इस देश ने भी की डील

अमेरिकी TRQ आवंटन की प्रक्रिया भारत में संबंधित अथॉरिटीज के माध्यम से अलग से ऑपरेट होती है, जिसमें विदेश व्यापार महानिदेशालय (DGFT) और कृषि एवं प्रसंस्कृत खाद्य उत्पाद निर्यात विकास प्राधिकरण (APEDA) शामिल हैं। मीडिया में उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार, भारत से अमेरिका को चीनी और कन्फेक्शनरी उत्पादों का निर्यात लगभग 30.54 मिलियन डॉलर मूल्य का रहा है।