दीवाली से पहले चीनी को लेकर सरकार का बड़ा फैसला! इंपोर्ट पॉलिसी में हुआ बदलाव, 31 दिसंबर तक के लिए इंपोर्टर्स को खास सुविधा
सरकार ने 10 लाख मीट्रिक टन कच्ची चीनी के शुल्क-मुक्त आयात की समयसीमा में बढ़ोतरी की है। यह फैसला दिवाली ...और पढ़ें

चीनी आयात को लेकर सरकार का बड़ा कदम
HighLights
कच्ची चीनी के शुल्क-मुक्त आयात की समयसीमा बढ़ी।
अब 31 दिसंबर 2026 तक कर सकेंगे आयात।
बढ़ती चीनी कीमतों पर नियंत्रण का प्रयास।
बिजनेस डेस्क, नई दिल्ली| अगस्त के बाद से देश में चीनी की बढ़ी कीमतों ने आम उपभोक्ताओं की जेब पर असर डाला है। लगातार चीनी की सप्लाई और खुदरा कीमतों ने ग्राहकों के साथ सरकार की भी चिंता बढ़ा दी है। दीवाली से ठीक पहले रिटेल प्राइज में कमी और पर्याप्त सप्लाई बनाए रखने के लिए सरकार ने बड़ा कदम उठाया है।
भारत सरकार ने टैरिफ रेट कोटा (TRQ) योजना के तहत 10 लाख मीट्रिक टन कच्ची चीनी के ड्यूटी फ्री इंपोर्ट की समयसीमा में दो महीने की बढ़ोतरी करते हुए 31 दिसंबर 2026 कर दिया है। इस फैसले से इंपोर्टर्स को निर्धारित मात्रा में चीनी आयात करने के लिए 2 महीने का एक्स्ट्रा समय मिलेगा। वाणिज्य एवं उद्योग मंत्रालय के अधीन विदेश व्यापार महानिदेशालय (DGFT) ने 19 अक्टूबर 2026 को अधिसूचना संख्या 45/2026-27 के माध्यम से समयसीमा बढ़ाने की घोषणा की।
इंपोर्ट पॉलिसी में हुआ बदलाव
इंपोर्ट पॉलिसी में संशोधन के तहत एक्सिम कोड 170114 के अंतर्गत आने वाली कच्ची चीनी के आयात की अंतिम तारीख 31 अक्टूबर 2026 थी जिसे बढ़ाकर 31 दिसंबर 2026 कर दिया गया है। बता दें कि इससे पहले सरकार ने 20 अगस्त 2026 को नॉटिफिकेशन संख्या 31/2025-26 के माध्यम से TRQ योजना के तहत 10 लाख मीट्रिक टन कच्ची चीनी के ड्यूटी फ्री इंपोर्ट की अनुमति दी थी। नई अधिसूचना के जरिए मौजूदा आयात नीति की शर्तों में बदलाव किया गया है, जिससे शुल्क-मुक्त आयात की अवधि बढ़ गई है। हालांकि, अगस्त में जारी नॉटिफिकेशन की अन्य सभी शर्तें पहले की तरह ही लागू रहेंगी।
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हालांकि, शुल्क-मुक्त आयात की कुल सीमा में किसी तरह का कोई बदलाव नहीं किया गया है, और यह पहले की तरह 10 लाख मीट्रिक टन ही रहेगी। इस फैसले से इंपोर्टर्स को कच्ची चीनी की निर्धारित मात्रा मंगाने के लिए अधिक समय मिलेगा, जबकि सरकार की ओर से तय कुल आयात सीमा में बदलाव नहीं किया जाएगा।
सरकार ने क्यों बढ़ाई समयसीमा?
अगस्त महीने में रक्षाबंधन के दौरान चीनी की कीमतें काफी ऊंचे लेवल पर पहुंच गई थीं। इसके साथ ही आने वाले दिनों में चीनी की उपलब्धता और बाजार मांग के बीच संतुलन को लेकर भी अटकलें शुरू हो गई थीं। इस स्थिति को देखते हुए सरकार ने 31 अक्टूबर तक के लिए चीनी के आयात की अनुमति दी थी। अब दीवाली और नए साल के बीच चीनी की बढ़ती मांग को पूरा करने और खुदरा दामों को कंट्रोल करने के लिए समयसीमा में 2 महीने की बढ़ोतरी की है। आम ग्राहकों को चीनी के बढ़ते दामों से राहत मिलने की संभावना है।
