Gold Price Crash: भारी गिरावट के बीच $5400 पार जाएगा सोना! दिग्गज बैंक की चेतावनी, गिरा तो ₹84000 रह जाएगी कीमत
Gold Price Prediction: गोल्डमैन सैक्स का अनुमान है कि 2026 के अंत तक सोना $5,400 प्रति औंस तक पहुंच जाएगा। ...और पढ़ें
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5400 डॉलर के पार जाएगा सोना, भारी गिरावट के बीच इस दिग्गज बैंक ने दे दिया टारगेट प्राइस; इन 2 वजहों से आएगी तेजी?
HighLights
गोल्डमैन सैक्स: 2026 तक सोना $5,400 प्रति औंस पहुंचेगा
केंद्रीय बैंकों की खरीदारी, ब्याज दर कटौती से कीमतों में उछाल
अल्पकालिक ऊर्जा संकट से सोना $3,800 तक गिर सकता है
नई दिल्ली| अगर आप सोने की कीमतों में हालिया गिरावट देखकर परेशान हैं, तो दिग्गज इन्वेस्टमेंट बैंक गोल्डमैन सैक्स (Goldman Sachs Gold Forecast) की यह रिपोर्ट आपको राहत दे सकती है।
गोल्डमैन सैक्स ने साफ कर दिया है कि वह अब भी सोने को लेकर पूरी तरह 'बुलिश' है। बैंक का अनुमान है कि साल 2026 के अंत तक सोने के दाम $5,400 प्रति औंस (भारतीय करेंसी में 1.61 लाख रुपए प्रति 10 ग्राम) के रिकॉर्ड स्तर को छू सकते हैं।
क्यों आएगी सोने में तेजी?
गोल्डमैन सैक्स के विश्लेषक लीना थॉमस और डान स्ट्रुयवेन के मुताबिक, सोने की कीमतों में उछाल (Why Gold Will Rise 2026) के पीछे दो मुख्य कारण होंगे:
- केंद्रीय बैंकों की खरीदारी: दुनिया भर के केंद्रीय बैंक लगातार सोना खरीद रहे हैं और यह सिलसिला जारी रहेगा।
- ब्याज दरों में कटौती: इस साल अमेरिका में ब्याज दरों में दो और कटौतियां होने की उम्मीद है, जो सोने के लिए बूस्टर का काम करेगी।
शॉर्ट टर्म में जोखिम भी है
रिपोर्ट में चेतावनी भी दी गई है कि कम समय (Short-term) के लिए कुछ जोखिम बने हुए हैं। अगर ऊर्जा सप्लाई का संकट गहराता है, तो सोना गिरकर $3,800 तक (भारतीय करेंसी में करीब 84000 रुपए प्रति 10 ग्राम) भी आ सकता है।
हालांकि, अगर ईरान युद्ध जैसे हालातों के कारण दुनिया का भरोसा पश्चिमी संपत्तियों (Western assets) से कम होता है, तो सोने की कीमतों में जबरदस्त तेजी आएगी।
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गिरावट सिर्फ अस्थायी है
युद्ध शुरू होने के बाद से सोने में करीब 13% की गिरावट आई है, क्योंकि निवेशकों ने शेयर बाजार के घाटे को पूरा करने के लिए गोल्ड बेचा है। लेकिन गोल्डमैन सैक्स का कहना है कि,
मार्केट ने जरूरत से ज्यादा प्रतिक्रिया दी है। इतिहास गवाह है कि जब भी आर्थिक ग्रोथ पर चिंता बढ़ती है, तो सोना ही सबसे सुरक्षित निवेश बनकर उभरता है।
हर महीने 60 टन सोना खरीदेंगे बैंक
बैंक ने यह भी साफ किया कि केंद्रीय बैंक अपनी करेंसी बचाने के लिए सोना नहीं बेचेंगे, बल्कि वे अमेरिकी ट्रेजरी बॉन्ड का इस्तेमाल करेंगे। अनुमान है कि आने वाले समय में हर महीने औसतन 60 टन सोने की सरकारी खरीदारी होगी, जो कीमतों को नई ऊंचाइयों पर ले जाएगी।
