Gold-Silver Price Today: सोना फिर पड़ा फीका, चांदी भी ढीली; 29 जून के ताजा रेट ने बढ़ाई निवेशकों की टेंशन
Gold-Silver Price Crash: 29 जून 2026 को सोने और चांदी की कीमतों में गिरावट दर्ज की गई, जिससे निवेशकों में ...और पढ़ें

सोने-चांदी की चमक पड़ी फीकी
HighLights
29 जून 2026 को सोने-चांदी की कीमतों में गिरावट।
अंतर्राष्ट्रीय बाजार में मजबूत डॉलर से कीमतों पर दबाव।
निवेशकों को लंबी अवधि के लिए धीरे-धीरे खरीदने की सलाह।
नई दिल्ली: हफ्ते की शुरुआत के साथ ही सोने और चांदी (Gold-Silver Price) के दाम एक बार फिर सुर्खियों में हैं। 29 जून 2026 को जारी ताजा कीमतों में उतार-चढ़ाव और दबाव दोनों साफ दिखाई दे रहे हैं, जिससे निवशकों और आम खरीदारों के बीच असमंजस को माहौल बन गया है।
क्या हैं आज के ताजा रेट?
आंकड़ों के मुताबिक, देश के अलग-अलग शहरों में 24 कैरेट सोना (Gold Price) करीब ₹1.44 लाख प्रति 10 ग्राम के आसपास ट्रेड करता दिख रहा है जबकि 22 कैरेट सोने के दाम ₹1.33 लाख प्रति 10 ग्राम के आसपास ट्रेड करता दिखा। वहीं 18 कैरेट गोल्ड का रेट और भी कम है जो ज्वेलरी खरीदने वालों के लिए थोड़ा राहत भरा हो सकता है।
चांदी भी पीछे नहीं, यहां भी गिरावट का असर
सिर्फ सोना ही नहीं, चांदी की कीमतों (Silver Price) में भी नरमी देखने को मिल रही है। कई शहरों में चांदी ₹2.20 लाख से ₹2.25 लाख प्रति किलो के आसपास ट्रेड कर रही है। ग्लोबल मार्केट में भी चांदी ने अपने पुराने हाई से काफी गिरावट देखी है, जिससे निवेशकों का भरोसा थोड़ा कमजोर पड़ा है।
| शहर | सोना/10 ग्राम (24K) | सोना/10 ग्राम (22K) | सोना/10 ग्राम (18K) | चांदी प्रति किलो |
| नई दिल्ली | ₹143,550 | ₹131,588 | ₹107,663 | ₹222,800 |
| मुंबई | ₹143,800 | ₹131,817 | ₹107,850 | ₹223,180 |
| पटना | 143,720 | ₹131,743 | ₹107,790 | ₹223,060 |
| जयपुर | ₹143,780 | ₹131,798 | ₹107,835 | ₹223,150 |
| कानपुर | ₹143,840 | ₹131,853 | ₹107,880 | ₹223,240 |
क्यों दबाव में हैं सोने के दाम?
सोने की कीमतों में हालिया गिरावट के पीछे कई बड़े कारण सामने आ रहे हैं। अंतरराष्ट्रीय बाजार में मजबूत डॉलर और ब्याज दरों में बढ़ोतरी की आशंका ने सोने की चमक को थोड़ा फीका कर दिया है। जब डॉलर मजबूत होता है, तो सोना महंगा पड़ता है और मांग कमजोर होती है। यही वजह है कि पिछले कुछ दिनों से कीमतों पर दबाव बना हुआ है।
इसके अलावा, निवेशक अब मुनाफावसूली भी कर रहे हैं। जब कीमतें पहले ऊंचे स्तर पर पहुंचती हैं, तो लोग बेचकर फायदा निकालते हैं जिससे बाजार में सप्लाई बढ़ती है और दाम नीचे आते हैं।
खरीदारी करें या इंतजार?
फिलहाल बाजार में जो ट्रेंड दिख रहा है, उसमें जल्दबाजी करने से बचने की सलाह दी जा रही है। कीमतों में अभी और उतार-चढ़ाव संभव है। अगर आप लॉन्ग टर्म निवेश के लिए खरीदारी करना चाहते हैं, तो गिरावट के दौरान धीरे-धीरे खरीदना बेहतर रणनीति हो सकती है।
