सर्च करे
Home
फोकस
विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

US-इजराइल-ईरान युद्ध के चलते सोमवार को रिकॉर्ड तोड़ इतना महंगा होगा सोना? कच्चे तेल में 8% की तेजी संभव!

Published: Sun, 01 Mar 2026 09:10 AM (IST)

अमेरिका, इजराइल और ईरान के बीच बढ़ते तनाव से सोमवार को भारतीय कमोडिटी बाजार में मजबूत उछाल आ सकता है। ...और पढ़ें

News Article Hero Image

नई दिल्ली। US-इजराइल-ईरान युद्ध के चलते भारतीय कमोडिटी बाजार में सोमवार को मजबूत गैप-अप ओपनिंग देखने को मिल सकती है। अमेरिका, इजराइल और ईरान के बीच बढ़ते टकराव ने निवेशकों की चिंता बढ़ा दी है। इससे सुरक्षित निवेश विकल्पों और आपूर्ति जोखिम वाली एसेट में तेज खरीदारी का माहौल बन गया है।

सोने में तेज उछाल की संभावना

अंतरराष्ट्रीय बाजार में बुलियन कीमतों में आई तेजी के बाद मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर सोना करीब 5% तक उछाल के साथ खुल सकता है। हाल ही में ईरान के परमाणु ठिकानों पर संयुक्त हमलों और तेहरान की मिसाइल प्रतिक्रिया ने क्षेत्र में तनाव को और गहरा कर दिया है। परमाणु समझौते को लेकर कूटनीतिक प्रयासों के ठहराव ने अनिश्चितता बढ़ा दी है, जिससे निवेशकों का रुख सुरक्षित संपत्तियों की ओर मुड़ा है।

विश्लेषकों के मुताबिक, जोखिम से बचाव (रिस्क-ऑफ) की भावना मजबूत होने से सोने की मांग बढ़ी है। हालांकि, डॉलर इंडेक्स में उतार-चढ़ाव के चलते MCX सोने में दिनभर बड़ी अस्थिरता देखी जा सकती है।

US–ईरान टकराव से बढ़ी तेल बाजार में हलचल, क्या मुकेश अंबानी की कंपनी और OMC पर पड़ेगा असर?

कच्चे तेल में और तेजी संभव

कच्चे तेल में तेजी और अधिक हो सकती है। आशंका है कि यदि तनाव बढ़ता है तो स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज के जरिए होने वाली तेल आपूर्ति प्रभावित हो सकती है। यह जलडमरूमध्य वैश्विक तेल व्यापार का एक अहम मार्ग है, जहां से दुनिया की बड़ी मात्रा में कच्चा तेल गुजरता है।

आपूर्ति बाधित होने की किसी भी संभावना से अंतरराष्ट्रीय क्रूड कीमतों में तेज उछाल आ सकता है, जिसका असर एमसीएक्स क्रूड पर भी दिखेगा। शुरुआती कारोबार में कच्चा तेल करीब 8% तक गैप-अप खुल सकता है और दिनभर तेज उतार-चढ़ाव बना रह सकता है।

बाजार विशेषज्ञों का कहना है कि मौजूदा हालात में ट्रेडर्स को सतर्क रहने की जरूरत है। भू-राजनीतिक घटनाक्रम से जुड़ी हर नई खबर कीमतों में अचानक बदलाव ला सकती है। ऐसे में उच्च अस्थिरता के बीच जोखिम प्रबंधन रणनीतियों को प्राथमिकता देना जरूरी होगा।

कुल मिलाकर, बढ़ते वैश्विक तनाव के बीच सोमवार का सत्र सोने और कच्चे तेल के लिए बेहद अहम रहने वाला है, जहां सुरक्षित निवेश और आपूर्ति जोखिम दोनों ही कीमतों को नई दिशा दे सकते हैं।