सर्च करे
Home
फोकस
विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

US फेड ने ब्याज दरों में नहीं किया बदलाव, नए अध्यक्ष केविन वार्श की पहली बैठक में बड़ा फैसला; आगे कैसा रह सकता रुख?

Published: Thu, 18 Jun 2026 08:18 AM (IST)

अमेरिकी फेडरल रिजर्व ने केविन वार्श की अध्यक्षता में पहली बैठक में ब्याज दरों को अपरिवर्तित रखा, जो लगातार महंगाई ...और पढ़ें

US Fed ने नहीं घटाई ब्याज दर

US Fed ने नहीं घटाई ब्याज दर

HighLights

  1. फेडरल रिजर्व ने ब्याज दरों को अपरिवर्तित रखा

  2. केविन वार्श की अध्यक्षता में पहली नीति बैठक में लिया गया फैसला

  3. मजबूत आर्थिक वृद्धि और लेबर मार्केट के बावजूद दरें स्थिर

नई दिल्ली। अमेरिकी फेडरल रिजर्व ने बुधवार को ब्याज दरों में कोई बदलाव नहीं किया। यह फैसला केविन वार्श की अध्यक्षता में हुई पहली नीति बैठक में लिया गया, जिसकी पहले से ही की जा रही उम्मीद थी। फेडरल ओपन मार्केट कमेटी (FOMC) ने लगातार महंगाई के दबाव और मजबूत बनी अर्थव्यवस्था के बीच संतुलन साधते हुए दरों को जस का तस रखा।
FOMC ने फेडरल फंड्स रेट को 3.5% से 3.75% के दायरे में बरकरार रखा है। यह ठहराव 2025 के अंत से जारी है। महंगाई हाल के महीनों में नरम होने के संकेत दे रही है, फिर भी यह फेड के 2% लक्ष्य से ऊपर बनी हुई है।
वहीं आर्थिक वृद्धि और लेबर मार्केट की स्थिति मजबूत बनी हुई है।

'मजबूत गति से बढ़ रही आर्थिक गतिविधियां'

यूएस फेड ने कहा, "मिडिल ईस्ट में टकराव के कारण बढ़ी अनिश्चितता के बावजूद आर्थिक गतिविधियां ठोस गति से बढ़ रही हैं। प्रोडक्टिविटी ग्रोथ और पूंजी निवेश मजबूत है। रोजगार में बढ़ोतरी कार्यबल के अनुरूप रही है और बेरोजगारी दर में ज्यादा बदलाव नहीं आया है।"

यूएस फेड को मिली राहत

सबकी नजरें दरों के फैसले से ज्यादा केविन वार्श के रुख पर थीं। पिछले महीने जेरोम पॉवेल की जगह लेने के बाद यह उनकी अध्यक्षता में पहली बैठक थी। नए चेयरमैन के सामने चुनौती यह है कि इस साल की शुरुआत में स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में बाधा के कारण ऊर्जा की कीमतें बढ़ी थीं, जिससे महंगाई के ऊंचे लेवल बने रहने की आशंका थी।
लेकिन ईरान समझौते के बाद तेल की कीमतों में आई नरमी ने केंद्रीय बैंक पर सख्त रुख अपनाने का दबाव कुछ कम किया है।

ब्याज दरों पर फैसला लेने में महंगाई अहम

विश्लेषकों का कहना है कि निवेशक वार्श की पहली प्रेस कॉन्फ्रेंस पर बारीकी से नजर रख रहे थे ताकि आगे की नीति का संकेत मिल सके। पहले ही कहा जा रहा था कि प्रेस कॉन्फ्रेंस अहम होगी। चेयरमैन के तौर पर यह केविन वार्श की पहली सार्वजनिक उपस्थिति रही।
वार्श ने ऐसे समय में पद संभाला है जब राजनीतिक दबाव भी बढ़ा हुआ है। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप बार-बार उधारी लागत कम करने की मांग कर चुके हैं। लेकिन लगातार ऊंची महंगाई और मजबूत लेबर मार्केट के चलते तुरंत दरों में कटौती मुश्किल है। अब बाजार की नजर इस बात पर है कि क्या महंगाई इतनी ठंडी पड़ती है कि फेड इस साल के अंत में ब्याज दरों में ढील देने पर विचार कर सके।

ये भी पढ़ें - गिफ्ट निफ्टी में मजबूती से शेयर बाजार में तेज शुरुआत की उम्मीद, US-ईरान डील से मिल सकता है मार्केट को सहारा; इन स्टॉक्स पर रखें नजर