28 सितंबर को 1.28 लाख बच्चों को सोने की अंगूठी पहनाएगी 'विजय सरकार', आधिकारिक तौर पर लॉन्च होगी थाईमामन योजना
तमिलनाडु के मुख्यमंत्री 28 सितंबर को 'थाईमामन थंगा मोथिरम थित्तम' योजना लॉन्च करेंगे, जिसके तहत सरकारी अस्पतालों में जन्मे शिशुओं को एक ग्राम सोने की अंगूठी मिलेगी।

28 सितंबर को मुख्यमंत्री करेंगे 'थाईमामन थंगा मोथिरम' योजना लॉन्च।
HighLights
28 सितंबर को मुख्यमंत्री करेंगे 'थाईमामन थंगा मोथिरम' योजना लॉन्च।
सरकारी अस्पतालों में जन्मे शिशुओं को मिलेगी एक ग्राम सोने की अंगूठी।
तमिलनाडु की स्थायी निवासी माताओं के बच्चों को मिलेगा योजना का लाभ।
बिजनेस डेस्क, नई दिल्ली। आने वाली 28 तारीख को तमिलनाडु के मुख्यमंत्री थाईमामन थंगा मोथिरम थित्तम योजना को लॉन्च करेंगे। इस योजना के जरिए राज्य भर के सरकारी अस्पतालों में जन्म लेने वाले शिशुओं को एक ग्राम सोने की अंगूठी प्रदान की जाएगी। सोने की अंगूठी योजना मूल रूप से पूर्व मुख्यमंत्री सीएन अन्नादुराई की जयंती 15 सितंबर को शुरू होने वाली थी। लेकिन सीएम विजय की यूके यात्रा के कारण इसे स्थगित कर दिया गया था। रिपोर्ट के अनुसार योजना के पहले चरण में तमिलनाडु सरकार 1.28 लाख सोने की अंगूठियों का वितरण करेगी।
तमिलनाडु में हर साल पैदा होते हैं 7 लाख से ज्यादा बच्चे
थाईमामन थंगा मोथिरम योजना (Thaaimaman Thanga Mothiram scheme) के तहत, 22 जून से सरकारी अस्पताल में पैदा होने वाले हर बच्चे को एक ग्राम सोने की अंगूठी दी जाएगी। इस पहल के लिए सरकारी आदेश 23 जून को जारी किया गया था।
एक प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, तमिलनाडु में हर साल 7.8 लाख बच्चे पैदा होते हैं। इनमें से 4.20 लाख (53%) डिलीवरी सरकारी अस्पतालों में होती हैं। पहले चरण में योजना के लिए 1,28,000 सोने की अंगूठियां खरीदी गईं।
किन्हें मिलेगा इस योजना का लाभ
जो माताएं तमिलनाडु की स्थायी निवासी हैं और जिन्होंने प्रेग्नेंसी एंड चाइल्ड ट्रैकिंग (PICME) सिस्टम में रजिस्ट्रेशन कराकर RCH ID प्राप्त कर लिया है, वे इस लाभ के लिए पात्र होंगी। 28 सितंबर से सरकारी अस्पतालों में पैदा होने वाले बच्चों को डिस्चार्ज के समय सोने की अंगूठी मिलेगी।
क्या है सोने की अंगूठी की खासियत
सोने की अंगूठी पर एक खास सीरियल नंबर होगा और इसकी पैकेजिंग ऐसी होगी जिसे आसानी से बदला या छेड़ा नहीं जा सकेगा। इस स्कीम के तहत, 22 जून 2026 से पैदा होने वाले बच्चों के लिए 107 हब सेंटरों पर हर दिन 100 बच्चों को सोने की अंगूठियां दी जाएंगी।
