TATA ग्रुप में बहुत बड़ा उलटफेर! इस होटल कंपनी का वजूद हो जाएगा खत्म; IHCL का बढ़ेगा कद
टाटा समूह की इंडियन होटल्स कंपनी लिमिटेड (IHCL) अपनी सहयोगी ओरिएंटल होटल्स लिमिटेड (OHL) का खुद में विलय करेगी।
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IHCL का बढ़ेगा कद
HighLights
IHCL और ओरिएंटल होटल्स लिमिटेड का विलय।
शेयर स्वैप के जरिए होगा पूरा लेनदेन।
IHCL की 'एक्सेलरेट 2030' रणनीति का हिस्सा।
बिजनेस डेस्क, नई दिल्ली: टाटा समूह (Tata group) की प्रमुख हॉस्पिटैलिटी कंपनी, इंडियन होटल्स कंपनी लिमिटेड (IHCL) ने अपने कारोबार के पुनर्गठन और विस्तार की दिशा में एक बड़ा कदम उठाया है। शुक्रवार को कंपनी ने आधिकारिक रूप से अपनी सहयोगी ईकाई 'ओरिएंटल होटल्स लिमिटेड' (OHL) के खुद में विलय (Merger) की घोषणा की है। इस महत्वपूर्ण फैसले को दोनों कंपनियों के निदेशक मंडलों (Board of Directors) से सफलतापूर्वक हरी झंडी मिल चुकी है।
शेयर स्वैप के जरिए होगा लेनदेन
यह विलय प्रक्रिया नकद के बजाय पूरी तरह से शेयरों के लेनदेन (Share wrap) पर आधारित होगी। विलय की इस नई योजना के तहत ओरिएंटल होटल्स के निवेशकों को एक तय अनुपात में शेयर आवंटित किए जाएंगे। ओरिएंटल होटल्स लिमिटेड (OHL) के प्रत्येक 117 शेयरधारकों को IHCL के 25 नए शेयर दिए जाएंगे। कंपनी को इस संपूर्ण विलय प्रक्रिया और लेनदेन को वित्त वर्ष 2027-28 की दूसरी छमाही तक पूरा करने का लक्ष्य बना सकते हैं।
योजना को अंतिम रूप देने से पहले सेबी और अन्य संबंधित संस्थाओं से आवश्यक वैधानिक तथा नियामकीय (Regulatory) मंजूरियां प्राप्त की जाएंगी।
एक्सेलरेट 2030 रणनीति को मिलेगा रफ्तार
इस बड़े कदम पर बात करते हुए IHCL के प्रबंध निदेशक (MD) और मुख्य कार्यपालक अधिकारी पुनीत चटवाल ने इसे कंपनी की दूरगामी सोच का हिस्सा बताया। उन्होंने स्पष्ट किया कि यह विलय IHCL की महत्वाकांक्षी "एक्सेलरेट 2030" रणनीति के एकदम अनुरूप है। इसके जरिए समूह की कॉर्पोरेट संरचना को अधिक सरल बनाया जाएगा और ओरिएंटल होटल्स के मौजूदा सेगमेंट की पूरी व्यावसायिक क्षमता का अधिकतम लाभ उठाकर मूल्य सृजन (Value Creation) किया जाएगा।
OHL के शेयरधारकों के लिए बेहतरीन अवसर
'ओरिएंटल होटल्स लिमिटेड' (OHL) वर्तमान में IHC की एक महत्वपूर्ण सहयोगी कंपनी है। इसके मजबूत पोर्टफोलियो में 7 प्रमुख होटल शामिल हैं, जिनकी कुल क्षमता 825 कमरों की है। OHL के प्रबंध निदेशक एवं सीईओ प्रमोद रंजन ने इस विलय को शेयरधारकों के व्यापक हित में उठाया गया कदम बताया। उन्होंने कहा कि IHCL जैसी दिग्गज कंपनी में विलय होने से न केवल निवेशकों के शेयरों के मूल्य में वृद्धि होगी, बल्कि उन्हें टाटा समूह के इस प्रमुख हॉस्पिटैलिटी ब्रांड की तीव्र विकास यात्रा में सीधे तौर पर भागीदार बनने का सुनहरा अवसर भी मिलेगा।
