भारत के सेमीकंडक्टर मिशन को पंख! यूरोप की सबसे बड़ी चिप कंपनी ASML ने देश में शुरू किया काम
सेमीकंडक्टर उपकरण बनाने वाली कंपनी ASML ने भारत में अपना कामकाज शुरू कर दिया है और शुरुआती तौर पर 20-30 ...और पढ़ें

भारत में ASML का संचालन शुरू, सेमीकंडक्टर मिशन को मिली नई उड़ान (AI फोटो)
HighLights
ASML ने भारत में सेमीकंडक्टर उपकरण निर्माण का काम शुरू किया।
शुरुआत में 20-30 युवा इंजीनियरिंग ग्रेजुएट की भर्ती की जाएगी।
कंपनी का विस्तार भारत के सेमीकंडक्टर लक्ष्यों पर निर्भर करेगा।
बिजनेस डेस्क, नई दिल्ली। सेमीकंडक्टर उपकरण बनाने वाली कंपनी ASML ने भारत में अपना कामकाज शुरू कर दिया है और अपनी ज़रूरतों को पूरा करने के लिए शुरुआती तौर पर 20-30 युवा इंजीनियरिंग ग्रेजुएट को भर्ती करने की योजना बना रही है। कंपनी के एक सीनियर अधिकारी ने यह जानकारी दी है।
'सेमीकॉन इंडिया 2026' के दौरान, ASML के एग्जीक्यूटिव वाइस प्रेसिडेंट और कस्टमर सपोर्ट हेड, लिन कियात याप ने PTI को बताया कि भारत में कंपनी के विस्तार की योजनाएं टाटा इलेक्ट्रॉनिक्स की चिप यूनिट की सफलता और सेमीकंडक्टर सेक्टर में भारत के ग्रोथ लक्ष्यों पर निर्भर करेंगी। जब उनसे पूछा गया कि कंपनी भारत में अपना कामकाज कब शुरू और उसका विस्तार कब करेगी, तो याप ने जवाब दिया, "अभी।"
उन्होंने कहा, "हम शायद 20-30 लोगों के साथ शुरुआत करेंगे। हम देखेंगे कि यह कितनी तेज़ी से बढ़ता है। यह असल में भारत की महत्वाकांक्षाओं और टाटा की महत्वाकांक्षाओं पर निर्भर करता है।"
ASML एडवांस्ड लिथोग्राफी टेक्नोलॉजी देती है, जिसका इस्तेमाल सिलिकॉन वेफर्स पर सर्किट बनाने के लिए किया जाता है। आसान शब्दों में कहें तो, यह सिलिकॉन वेफर्स को एक्टिव कंपोनेंट्स में बदलने की प्रक्रिया की नींव रखती है। कंपनी का एडवांस्ड लिथोग्राफी टेक्नोलॉजी के क्षेत्र में एकाधिकार है और दुनिया में कोई भी एडवांस्ड चिप इसके इक्विपमेंट के बिना नहीं बनाई जा सकती।
टाटा इलेक्ट्रॉनिक्स का सेमीकंडक्टर प्लांट 2028 में काम करना शुरू करेगा। टाटा इलेक्ट्रॉनिक्स का अनुमान है कि धोलेरा प्लांट में सपोर्ट के लिए लगभग 450 वेंडर होंगे, और कंपनी उन्हें जगह देने के लिए 363 वेंडर पार्क बना रही है।
वेन ने कहा, "बाजार में तेजी से प्रोडक्ट पहुंचाना और समय पर डिलीवरी करने की हमारी क्षमता - मुझे लगता है कि लोग यही चाहते हैं। और मुझे लगता है कि आप देखेंगे कि हमारे और भी कई कस्टमर भारत आ रहे हैं। इसका मतलब है कि जाहिर है, हमें इन सभी चीजों को सपोर्ट करने के लिए ज़रूरी टैलेंट की ज़रूरत होगी। हम यहां आकर बहुत खुश हैं।"
