वाल्मीकि टाइगर रिजर्व से निकल कर सरेह में पहुंचा तेंदुआ, पगमार्क ने खोला राज, किसान चिंतित
वाल्मीकि टाइगर रिजर्व से निकलकर बगहा-2 के बेलाहवां गांव के गुरलहियां सरेह में तेंदुआ देखा गया, जिससे ग्रामीणों में दहशत ...और पढ़ें

जांच के लिए पहुंची वन विभाग की टीम।
HighLights
वाल्मीकि टाइगर रिजर्व से तेंदुआ बेलाहवां गांव के सरेह में दिखा।
तेंदुए की मौजूदगी से ग्रामीणों में दहशत, खेती-बारी प्रभावित।
वन विभाग पगमार्क से पुष्टि कर तेंदुए को जंगल खदेड़ने में जुटा।
पंचायत सूत्र, नौरंगिया (पश्चिम चंपारण)। वाल्मीकि टाइगर रिजर्व से निकलकर वनवर्ती इलाकों में जंगली जानवरों के पहुंचने का सिलसिला जारी है। सोमवार सुबह बगहा-दो प्रखंड के बेलाहवां गांव के गुरलहियां सरेह में तेंदुआ दिखाई देने से ग्रामीणों में दहशत फैल गई। तेंदुए की गतिविधि के कारण दो दिनों से खेती-बारी भी प्रभावित है।
सूचना पर पहुंची वन विभाग की टीम
ग्रामीणों ने सरेह में तेंदुआ घूमते देख इसकी सूचना मदनपुर वन क्षेत्र कार्यालय को दी। सूचना मिलते ही वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और तेंदुए की तलाश शुरू कर दी। वनकर्मियों ने आसपास के इलाके में पगमार्क की जांच की।
पगमार्क से हुई तेंदुए की पुष्टि
मदनपुर वन क्षेत्र पदाधिकारी नसीम अहमद अंसारी ने बताया कि बेलाहवां सरेह में जंगली जानवर दिखने की सूचना मिली थी। वनरक्षी विकास कुमार के नेतृत्व में टीम को भेजा गया। जांच के दौरान मिले पगमार्क बाघ के नहीं, बल्कि तेंदुए के पाए गए हैं। इसके बाद आसपास के ग्रामीणों को सतर्क रहने की अपील की गई है।
दो दिनों से प्रभावित खेती-बारी
ग्रामीणों के अनुसार तेंदुआ पिछले दो दिनों से बेलाहवां, कटैया और गुरलहियां समेत आसपास के सरेह में घूम रहा है। तेंदुए की मौजूदगी के कारण किसान खेतों में जाने से डर रहे हैं। इससे खेती-बारी का काम प्रभावित हो रहा है।
जंगल की ओर खदेड़ने की कोशिश
वन विभाग की टीम तेंदुए की गतिविधियों पर नजर रख रही है। किसी अप्रिय घटना को रोकने के लिए तेंदुए को सुरक्षित तरीके से जंगल की ओर खदेड़ने का प्रयास किया जा रहा है। ग्रामीणों ने वन प्रशासन से सुरक्षा बढ़ाने और तेंदुए का रेस्क्यू कराने की मांग की है।
