वाल्मीकिनगर गंडक बराज पर कम हुआ दबाव, डिस्चार्ज घटकर 2 लाख क्यूसेक से नीचे आया; तटीय इलाकों को राहत
वाल्मीकिनगर स्थित गंडक बराज और नेपाल के देवघाट क्षेत्र में जलस्तर और डिस्चार्ज में गिरावट दर्ज की गई है, जिससे निचले इलाकों के निवासियों और प्रशासन को राहत मिली है।

वाल्मीकिनगर गंडक बराज पर कम हुआ दबाव (एआई जेनरेटेड तस्वीर)
HighLights
गंडक बराज और देवघाट में जलस्तर, डिस्चार्ज में कमी आई।
वाल्मीकिनगर बराज से डिस्चार्ज 2 लाख क्यूसेक से नीचे आया।
निचले इलाकों और प्रशासन को जलस्तर घटने से राहत मिली।
जागरण संवाददाता, बगहा (पश्चिम चंपारण)। वाल्मीकिनगर स्थित गंडक बराज और नेपाल के देवघाट क्षेत्र में जलस्तर और डिस्चार्ज में गिरावट दर्ज की गई है, जिससे निचले इलाकों के निवासियों और प्रशासन को राहत मिली है।
मंगलवार, 29 सितंबर 2026 की सुबह जल संसाधनों के आंकड़ों के अनुसार, गंडक बराज से होने वाले डिस्चार्ज में कमी आई है। सुबह 5:00 बजे और 6:00 बजे बराज से अपस्ट्रीम और डाउनस्ट्रीम डिस्चार्ज 2,12,200 क्यूसेक दर्ज किया गया था, जबकि बराज का अपस्ट्रीम जलस्तर 357.00 फीट और डाउनस्ट्रीम जलस्तर 354.80 फीट स्थिर बना हुआ था।
सुबह 7:00 बजे तक जलस्तर और डिस्चार्ज दोनों में गिरावट
हालांकि, सुबह 7:00 बजे तक जलस्तर और डिस्चार्ज दोनों में गिरावट देखी गई। डिस्चार्ज घटकर 1,97,700 क्यूसेक रह गया और अपस्ट्रीम जलस्तर 356.80 फीट तथा डाउनस्ट्रीम जलस्तर 354.30 फीट पर आ गया। इस दौरान पूर्वी मुख्य नहर (E.M.C) और मुख्य पश्चिमी नहर (M.W.C) में जल निकासी शून्य बनी रही।
नेपाल के देवघाट गेज स्टेशन पर भी नदी के रुख में गिरावट दर्ज की गई है। तड़के 2:15 बजे देवघाट पर जलस्तर 6.28 मीटर था और डिस्चार्ज 2,28,654 क्यूसेक दर्ज किया गया था। सुबह 4:55 बजे तक नेपाल में जलस्तर घटकर 6.20 मीटर रह गया और डिस्चार्ज गिरकर 2,22,833 क्यूसेक पर पहुंच गया।
तटीय इलाकों में सुरक्षा को लेकर सतर्कता
नेपाल के ऊपरी जलग्रहण क्षेत्रों में जलस्तर घटने से वाल्मीकिनगर बराज पर दबाव कम हुआ है। हालांकि, अधिकारी स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए हैं और तटीय इलाकों में सुरक्षा को लेकर सतर्कता बरती जा रही है।
