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बेतिया राज की बेशकीमती 149 कट्ठा जमीन की जमाबंदी पर सवाल, एक सप्ताह में खुलेगा राज

Published: Fri, 09 Oct 2026 07:23 PM (IST)

बेतिया राज की 1.87 एकड़ जमीन की फर्जी जमाबंदी का एक और मामला सामने आया है, जिसमें राजस्व अभिलेखों में छेड़छाड़ की आशंका जताई गई है।

पश्चिम चंपारण के बेतिया राज कचहरी।

पश्चिम चंपारण के बेतिया राज कचहरी।

HighLights

  1. बेतिया राज की 1.87 एकड़ जमीन की फर्जी जमाबंदी उजागर।

  2. राजस्व अभिलेखों में छेड़छाड़ की आशंका, भू-माफियाओं पर आरोप।

  3. डीएम ने तीन सदस्यीय जांच टीम गठित की, रिपोर्ट एक सप्ताह में।

जागरण संवाददाता, बेतिया (पश्चिम चंपारण)। बेतिया राज की जमीन की फर्जी जमाबंदी का एक और मामला सामने आया है। बेतिया सदर अंचल के पूर्वी करगहिया में स्थित 1.87 एकड़ (149 कट्ठा) जमीन की कथित तौर पर फर्जी तरीके से जमाबंदी कायम किए जाने का मामला उजागर हुआ है।

करोड़ों रुपये मूल्य की इस जमीन से जुड़े राजस्व अभिलेखों में छेड़छाड़ की आशंका जताई गई है। मामला सामने आने के बाद प्रशासनिक महकमे में हलचल तेज हो गई है।

आरोप है कि अंचल कार्यालय में सुरक्षित रखे जाने वाले राजस्व अभिलेख रजिस्टर-टू में नाम काटने, नई प्रविष्टियां दर्ज करने और मूल दस्तावेजों को गायब करने या संदिग्ध बनाने की कोशिश की गई।

मामले में भू-माफियाओं और राजस्व विभाग के कुछ पदाधिकारियों व कर्मचारियों की मिलीभगत की आशंका जताई जा रही है। हालांकि इसमें किसकी भूमिका रही है, यह जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा।

डीएम ने गठित की तीन सदस्यीय टीम

मामले की गंभीरता को देखते हुए जिलाधिकारी तरनजोत सिंह ने जांच के लिए एडीएम राजीव रंजन सिन्हा के नेतृत्व में तीन सदस्यीय टीम गठित की है। इसमें एडीएम सह बेतिया राज प्रबंधक अनिल कुमार सिन्हा और सदर-वन डीसीएलआर शिवम कुमार को शामिल किया गया है। डीएम ने टीम को एक सप्ताह के भीतर जांच रिपोर्ट सौंपने का निर्देश दिया है।

छह एकड़ जमीन की अवैध जमाबंदी का मामला भी लंबित

गौरतलब है कि हाल ही में बेतिया राज की छह एकड़ जमीन की अवैध जमाबंदी से जुड़े मामले की जांच पूरी हुई थी। उस प्रकरण में संबंधित पदाधिकारी, राजस्व कर्मियों और भू-माफियाओं के विरुद्ध कार्रवाई की जानी अभी बाकी है।

अब 1.87 एकड़ जमीन की जमाबंदी का मामला सामने आने से बेतिया राज की संपत्तियों की सुरक्षा और राजस्व अभिलेखों की निगरानी पर सवाल खड़े हो गए हैं।

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