सुपौल। धूर देहात से निकल कर छातापुर के छोरे ने गायकी के क्षेत्र में बॉलीवुड में इंट्री मारी है। गत दो मई को मुंबई के पंचम स्टूडियो में पवन यादव निर्मित मैथिली टेलिफिल्म '' सबसं सुंदर अपन बिहार'' की ऑडियो रिकार्डिग पूरी की गयी है। जिसमें आमोद ने प्रख्यात गायिका पामेला जैन एवं पा‌र्श्व गायक उदित नारायण के साथ स्वर लहरी बिखेरी है। कुल आठ गानों से सजे इस एलबम का टाइटल साग उदित नारायण ने गाया है। जबकि शेष गानों में आमोद एवं पामेला की युगलबंदी है। मशहूर भोजपुरी संगीतकार दामोदर राव के निर्देशन में आमोद व पामेला ने सभी गीत मैथिली में गाये हैं जबकि कहीं कहीं भोजपुरी का पुट भी है। सुमधुर संगीत एवं सुरीली आवाज की बंदिश कर्णप्रिय तो है ही साथ ही यह कामयाबी आमोद की संघर्ष की कहानी भी बया करती है। पद्मभूषण पा‌र्श्व गायक उदित नारायण ने एलबम के टाइटल साग में बिहार की गौरव गाथा का बखान किया है तो पामेला के सुर में सुर मिलाकर आमोद ने मिथिला के ग्रामीण परिवेश का बखूबी चित्रण किया है। गानों में बिहार की गौरव गाथा है तो जगत जननी माता भगवती की वंदना भी। देवर भाभी की हंसी ठिठोली है तो बच्चों को शिक्षा के प्रति ललक का संदेश भी।

- वर्ष 2004 से था संघर्षरत

इंटर की परीक्षा के बाद आमोद ने घर बार छोड़ मुंबई का रूख किया था। लगातार पाच वर्षो तक पढ़ाई से दूर रहकर उसने मुंबई के गलियों की खाक छानी लेकिन अथक प्रयास के बाद भी कामयाबी नहीं मिली। इन्हीं संघर्ष के दिनों में आमोद की मुलाकात उत्तर प्रदेश के देवरिया निवासी भोजपुरी गीतकार राजेश मिश्रा से हुई जिन्होंने आमोद के प्रतिभा को पहचाना। लगातार पाच वर्षो तक संघर्षरत रहने के बावजूद कामयाबी नहीं मिलने से थक हारकर आमोद ने घर की राह पकड़ ली। फिर आया 2016 के अप्रैल की वह शाम जब राजेश मिश्रा के फोन से आमोद की घटी बंजी। राजेश मिश्रा के बुलावे पर आमोद मुंबई पहुंचा जहा उनकी मुलाकात भोजपुरी संगीतकार दामोदार राव से हुई। दामोदर राव के माध्यम से उदित नारायण जुड़े और मैथिली टेलिफिल्म''सबसं सुंदर अपन बिहार पर काम शुरू हुआ। धुन तैयार हुए और पामेला जैन को साथ लेकर ऑडियो रिकॉर्डिग पूरी की गयी।

- मिथिलाचल में होगी टेलिफिल्म की शूटिंग

आमोद की माने तो निकट भविष्य में टेलिफिल्म की शूटिंग आरंभ होगी जिसका फिल्माकन मिथिलाचल के विभिन्न हिस्सों में की जायेगी। बताया कि सुपर हिट भोजपुरी फि ल्म 'ससुरा बड़ा पैसा वाला' के सहायक निर्देशक अजय यादव के निर्देशन में बनने वाली इस फिल्म की आरंभिक तैयारी पूरी हो चुकी है और अब चंद कलाकारों के चयन पर काम चल रहा है। जैसे ही यह प्रकिया पूरी होगी शूटिंग का शिड्युल तय कर फि ल्मांकन प्रारंभ कर दिया जायेगा।

- लघु किसान का बेटा है आमोद

वालीबुड में कुछ करने की ललक में इंटर की परीक्षा देकर मुंबई रवाना हुए

आमोद पाच वर्षो के थकावट के बाद लौटा तो जिंदगी जैसे ठहर सी गयी। मित्रों के सलाह पर उसने फि र से पढने की ठानी जो फिलहाल सहरसा के एमएलटी कॉलेज में बीए फाइनल का छात्र है। छातापुर प्रखंड के महम्मदगंज पंचायत स्थित अति पिछड़े हसनपुर गाव निवासी लघु किसान गुरूदेव प्रसाद यादव एवं माता रीता देवी का सबसे छोटा पुत्र आमोद की कामयाबी से ग्रामवासी गदगद हैं। पूछने पर आमोद बताते हैं कि यहा तक पहुंचने में उनके मित्र पवन यादव का महत्वपूर्ण योगदान है। जिनके प्रेरणा से वे आज कामयाबी के पहले पायदान तक पहुंच सके हैं।