विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

सीतामढ़ी में छात्रवृत्ति से वंचित हुए विद्यार्थी तो प्रधानाध्यापकों पर होगी सख्त कार्रवाई

Published: Wed, 21 Oct 2026 04:16 PM (IST)

National Means Cum Merit Scholarship: सीतामढ़ी में NMMS छात्रवृत्ति से वंचित छात्रों के लिए प्रधानाध्यापकों को सीधे तौर पर जवाबदेह ...और पढ़ें

शिक्षा विभाग ने स्पष्ट निर्देश दिया है कि लापरवाही बरतने वाले स्कूलों और प्रबंधन पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

शिक्षा विभाग ने स्पष्ट निर्देश दिया है कि लापरवाही बरतने वाले स्कूलों और प्रबंधन पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

HighLights

  1. NMMS छात्रवृत्ति से वंचित छात्रों के लिए प्रधानाध्यापकों की जवाबदेही तय।

  2. ऑनलाइन आवेदन की अंतिम तिथि 31 अक्टूबर, सत्यापन 15 नवंबर।

  3. लापरवाही पर संबंधित स्कूलों के प्रधानाध्यापकों के खिलाफ कार्रवाई होगी।

जागरण संवाददाता, सीतामढ़ी। Sitamarhi NMMS Scholarship 2026: राष्ट्रीय आय-सह-मेधा छात्रवृत्ति योजना (NMMS) के लाभ से यदि कोई योग्य विद्यार्थी वंचित रह जाता है, तो इसके लिए सीधे तौर पर संबंधित विद्यालय के प्रधानाध्यापक की जवाबदेही तय की जाएगी।

शिक्षा विभाग ने स्पष्ट निर्देश दिया है कि लापरवाही बरतने वाले स्कूलों और प्रबंधन पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

31 अक्टूबर तक करें आवेदन

इस योजना के तहत शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए ऑनलाइन आवेदन करने की अंतिम तिथि बढ़ाकर 31 अक्टूबर कर दी गई है।

वहीं, सभी संबंधित विद्यालयों को 15 नवंबर तक प्राप्त आवेदनों का भौतिक व ऑनलाइन सत्यापन कार्य पूरा करने का कड़ा निर्देश दिया गया है।

डीपीओ ने जारी किया निर्देश

जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (माध्यमिक शिक्षा एवं साक्षरता) नीलम राज ने सभी विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों को निर्देशित किया है कि वे पात्र विद्यार्थियों की पहचान कर उनका समय पर आवेदन सुनिश्चित कराएं।

इस छात्रवृत्ति योजना का मुख्य उद्देश्य आर्थिक रूप से कमजोर और मेधावी विद्यार्थियों को अपनी पढ़ाई आगे जारी रखने के लिए वित्तीय सहायता देना है।

कक्षा आठवीं के छात्र पात्र

विभाग ने स्कूलों को निर्देश दिया है कि वे कक्षा आठ में अध्ययनरत सभी पात्र विद्यार्थियों को इस योजना की पूरी जानकारी दें और आवेदन प्रक्रिया में उनका पूरा सहयोग करें।

विद्यालय स्तर पर आवेदनों की जांच और सत्यापन की प्रक्रिया तय समयसीमा के भीतर ही पूरी की जानी चाहिए।

लापरवाही बर्दाश्त नहीं

शिक्षा विभाग की ओर से यह चेतावनी दी गई है कि तय तारीख यानी 31 अक्टूबर तक आवेदन और 15 नवंबर तक सत्यापन का कार्य हर हाल में पूरा कर लिया जाए।

किसी भी प्रकार की कोताही या लापरवाही मिलने पर संबंधित स्कूल के प्रधानाध्यापक के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।

यह भी पढ़ें- पढ़ाई के साथ खेल में भी बनाएंगे पहचान, दरभंगा के स्कूली बच्चों को मिलेगा आगे बढ़ने का मौका