विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

MLC चुनाव लड़े, लेकिन एक वोट भी नहीं मिला; सारण शिक्षक निर्वाचन में 4 प्रत्याशियों की ऐसी रही किस्मत

Published: Tue, 27 Oct 2026 06:01 PM (IST)

सारण शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र के चुनाव परिणामों में दिलचस्प आंकड़े सामने आए हैं। कुल 18 प्रत्याशियों में से 4 को ...और पढ़ें

चुनाव प्रेक्षक के साथ डीएम सारण और सहायक निर्वाचन पदाधिकारी। फोटो: पीआरडी

चुनाव प्रेक्षक के साथ डीएम सारण और सहायक निर्वाचन पदाधिकारी। फोटो: पीआरडी

HighLights

  1. सारण शिक्षक निर्वाचन में 18 प्रत्याशी चुनावी मैदान में उतरे थे।

  2. चार प्रत्याशियों को एक भी प्रथम वरीयता वोट प्राप्त नहीं हुआ।

  3. सात प्रत्याशी दहाई का आंकड़ा भी छूने में नाकाम रहे।

जाकिर अली, छपरा। सारण शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र के चुनाव में मतों की गिनती ने कई दिलचस्प तस्वीरें सामने रखीं। चुनावी मैदान में उतरे 18 प्रत्याशियों में चार ऐसे रहे, जिन्हें प्रथम वरीयता का एक भी मत नहीं मिला।

वहीं, सात प्रत्याशी ऐसे रहे, जिन्हें दहाई का आंकड़ा भी नसीब नहीं हुआ। मतगणना के इन आंकड़ों ने प्रत्याशियों के जनसमर्थन की तस्वीर साफ कर दी।

चार प्रत्याशियों का नहीं खुला खाता

प्रथम वरीयता के मतों की गिनती में कैलाश तिवारी, नुमान अहमद खान नजमी, बैतुल्लाह अंसारी और लालू प्रसाद यादव का खाता तक नहीं खुला।

चुनाव में उतरने के बावजूद इन प्रत्याशियों को एक भी प्रथम वरीयता का मत प्राप्त नहीं हुआ। शिक्षक मतदाताओं के बीच अपनी पैठ बनाने की उनकी कोशिश मतों में तब्दील नहीं हो सकी।

सात प्रत्याशी दहाई तक पहुंचने में रहे नाकाम

चुनाव में सात प्रत्याशी ऐसे रहे, जिन्हें प्रथम वरीयता के मतों में दो अंकों का आंकड़ा भी नहीं मिला। डा. प्रियांशु कुमार को आठ और सैयद नजमुल होदा को आठ मत प्राप्त हुए।

राम पुकार सिन्हा को पांच मत मिले। मनोहर कुमार श्रीवास्तव के खाते में चार मत आए। नजीर हुसैन को तीन, जबकि इमाम हसन और हिमांशु शेखर को दो-दो मत प्राप्त हुए।

आंकड़ों ने दिखाई चुनावी तस्वीर

शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र के इस चुनाव में प्रत्याशियों के बीच मतों का अंतर ही नहीं, बल्कि मतों की संख्या भी चर्चा का विषय बनी।

चार प्रत्याशियों को एक भी प्रथम वरीयता का मत नहीं मिलना और सात का दहाई तक नहीं पहुंचना चुनावी मुकाबले के अलग-अलग पहलुओं को उजागर करता है।

मतगणना के ये आंकड़े बताते हैं कि चुनावी मैदान में उतरना और मतदाताओं का समर्थन हासिल करना दो अलग-अलग चुनौतियां हैं।

यह भी पढ़ें- Bihar MLC Election Result 2026 LIVE: बीजेपी के बागी ने बिगाड़ा JDU का खेल, सारण शिक्षक सीट पर बड़ा उलटफेर