विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

कोसी में बढ़ेगा डेयरी कारोबार: 1.26 अरब के निवेश से लगेंगे नए प्लांट, 45 हजार महिलाओं को मिलेगी नई उड़ान

Published: Mon, 05 Oct 2026 04:25 PM (IST)

कोसी क्षेत्र में डेयरी कारोबार को बढ़ावा देने के लिए सात निश्चय-3 के तहत 1.26 अरब रुपये की लागत से दही, आइसक्रीम और मिल्क चिलिंग प्लांट स्थापित किए जाएंगे।

कोसी में बढ़ेगा डेयरी कारोबार, 1.26 अरब के निवेश से लगेंगे नए प्लांट (AI Generated Image)

कोसी में बढ़ेगा डेयरी कारोबार, 1.26 अरब के निवेश से लगेंगे नए प्लांट (AI Generated Image)

HighLights

  1. सात निश्चय-3 के तहत 1.26 अरब रुपये का निवेश।

  2. दही, आइसक्रीम, मिल्क चिलिंग प्लांट होंगे स्थापित।

  3. पशुपालकों, जीविका दीदियों को मिलेगा सीधा लाभ।

कुंदन कुमार, सहरसा। पिछड़े कोसी क्षेत्र में आने वाले दिनों में डेयरी से संबंधित कारोबार तेजी से बढ़ेगा। सरकार ने सात निश्चय -3 के तहत एक अरब 26 करोड़ सात लाख की लागत से कोसी दुग्ध सहकारी संघ लिमिटेड के अंतर्गत दही प्लांट, प्रीमियम आईस्क्रीम प्लांट, टोटल मिक्स्ड राशन प्लांट, इंस्टैंट मिल्क चिलिंग प्लांट खोलने की योजना है।

इससे कोसी क्षेत्र में डेयरी व दुग्ध व्यवसाय को पंख लगेगा। इससे इलाके के पशुपालक व दुग्ध कारोबारी काफी लाभांवित होंगे, जो पिछड़े कोसी क्षेत्र के विकास का बढ़ा कारण बनेगा।

नवीन दुग्ध सहकारी समितियों का भी होगा गठन

श्वेत क्रांति-2 पहल के तहत डेयरी किसानों को संगठित बाजार से जोड़ने के लिए नवीन दुग्ध सहकारी समितियों का गठन किया जाएगा। इससे किसानों की आय बढ़ाने और रोजगार के नए अवसर पैदा करने पर बल दिया जाएगा।

इस समिति के गठन होने से सहकारी डेयरी के माध्यम से उपभोक्ताओं द्वारा दिए जाने वाले समितियों का अधिकांश हिस्सा सीधे किसानों तक पहुंचेगा।

सात निश्चय- 3 से प्राप्त राशि से कोसी प्रमंडल के तीनों जिले में मिल्क चिलिंग प्लांट एवं इंस्टैंट मिल्क चिलिंग सिस्टम की स्थापना होगी। इससे दूध की गुणवत्ता बनी रहेगी और इसे खराब होने से बचाया जा सकेगा।

दुग्ध उत्पादन बढ़ने से सशक्त होगी ग्रामीण महिलाएं

कोसी प्रमंडल में दुग्ध उत्पादन में जीविका के माध्यम से महिलाएं लगातार नई ऊंचाइयों को छू रही है। कौशिकी जीविका महिला दुग्ध उत्पादक कंपनी महिलाओं द्वारा संचालित है और सहरसा, सुपौल और मधेपुरा जिलों में अपनी सेवाएं दे रही है।

वर्तमान में कंपनी से 45,000 दुग्ध उत्पादक जीविका दीदी जुड़ी हुई हैं। यह महिलाएं न केवल दुग्ध उत्पादन करती हैं, बल्कि इसके संग्रह, प्रसंस्करण और विपणन में भी सक्रिय भूमिका निभाती हैं।

यह कंपनी चालू वित्तीय वर्ष में प्रतिदिन औसतन 76,171 लीटर दूध की खरीद कर रही है महिलाएं अपने पारंपरिक कौशल का उपयोग कर आधुनिक तकनीकों के साथ अपने व्यवसाय को बढ़ावा दे रही हैं।

सात निश्चय से विभिन्न तरह के प्लांट की स्थापना से इस कंपनी का भी कारोबार तेजी से फल-फूल सकेगा। ऐसी संभावना है।

कोसी क्षेत्र के विकास में डेयरी व्यवसाय महत्वपूर्ण भूमिका अदा कर सकती है। ऐसे में कई महत्वपूर्ण प्लांट की स्थापना से व्यवसाय को पंख लगेगा। इससे इलाके के लोग काफी लाभांवित होंगे। - डॉ. अभिनीत झा, जिला पशुपालन पदाधिकारी, सहरसा

यह भी पढ़ें- बिहार के 10 जिलों में रेलवे बनाएगा 37 ROB, समस्तीपुर मंडल में खत्म होंगे समपार फाटक