सहरसा। यूपी के बाराबंकी में हुए सड़क दुर्घटना में जलसीमा के दो मजदूरों की जहां मौत हो गयी, वहीं एक मजदूर जख्मी हो गया। इस दर्दनाक हादसे में सिकंदर मुखिया और अखिलेश मुखिया की मौत हो गई।

बुधवार को मृतक अखिलेश कुमार के पिता सुकल मुखिया ने बताया कि बीते करीब एक सप्ताह से पुत्र अखिलेश से उनकी कोई बातचीत नहीं हुई थी। अखिलेश और उसके साथियों के वापस घर लौटने की भी जानकारी नहीं थी। इसी बीच बुधवार की सुबह मृतक के साथी मजदूर राजेश ने फोन कर बस दुर्घटना में अखिलेश और सिकंदर की मौत होने तथा खुद के घायल होने की जानकारी दी। इसके बाद पूरे घर में कोहराम मच गया, जबकि मृतक मजदूर सिकंदर मुखिया की पत्नी सीता देवी का रो-रोकर बुला हाल हो रहा था। बार-बार एक ही बात कह रही थी कि हमर ते दुनिया उजर गल्ले। अब केकर सहारे जिदगी जीबे हो भगवान।

मालूम हो कि मृतक सिकंदर मुखिया के माता और पिता का निधन हो चुका है तथा भाई में सिकंदर अकेला था। बस दुर्घटना में सिकंदर के मौत के बाद पत्नी सीता देवी के सामने तीनों बच्चे के परवरिश की समस्या मुंह बाए खड़ी है। मृतक अखिलेश के पिता सुकल मुखिया ने बताया कि संभवत: गुरुवार दोपहर तक पुत्र का शव गांव पहुंच सक ता है।

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