Move to Jagran APP

इंजीनियर की अकूत संपत्ति का पता चला, विजिलेंस की जांच जारी

आय से अधिक संपत्ति मामले का पता चलने पर विजिलेंस की टीम ने नवादा में कार्यरत इंजीनियर के घर और कार्यालय पर धावा बोला है और छापेमारी जारी है।

By Kajal KumariEdited By: Published: Sat, 23 Sep 2017 02:16 PM (IST)Updated: Sat, 23 Sep 2017 10:54 PM (IST)
इंजीनियर की अकूत संपत्ति का पता चला, विजिलेंस की जांच जारी
इंजीनियर की अकूत संपत्ति का पता चला, विजिलेंस की जांच जारी

पटना [जेएनएन]। निगरानी अन्वेषण ब्यूरो (विजिलेंस) ने नवादा जिला परिषद के करोड़पति कनीय अभियंता शैलेंद्र प्रसाद सिंह के नवादा और पटना स्थित चार ठिकानों पर एकसाथ छापेमारी कर करोड़ों की चल व अचल संपत्ति का पर्दाफाश किया है। छापेमारी की कार्रवाई कनीय अभियंता के नवादा जिला स्थित मकान, पाली (नवादा) स्थित गांव, दफ्तर और पटना में बहादुरपुर थाना क्षेत्र के अलका कॉलोनी स्थित आवास पर की गई है। 

loksabha election banner

जानकारी के अनुसार कनीय अभियंता की काली कमाई का साम्राज्य नवादा से लेकर पटना और दिल्ली तक फैला हुआ है। उसके ठिकानों से जमीन की खरीद से संबंधित कुल दस डीड, 30 बैंक खाते, बैंक लॉकर और 90 हजार की नकदी बरामद की गई है।

निगरानी ने बैंक लॉकर को सील कर दिया है तथा सभी 30 बैंक खातों को फ्रीज करने की कार्रवाई शुरू कर दी है। निगरानी सूत्रों ने बताया कि कनीय अभियंता शैलेंद्र प्रसाद सिंह वर्ष 1982 से सरकारी सेवा में हैं। इस दौरान उन्होंने करोड़ों की काली कमाई की है।

उसके ठिकानों से दिल्ली समेत कई अन्य शहरों में जमीन और मकान की खरीद से संबंधित दस्तावेज भी मिले हैं। इन दस्तावेजों की जांच की जा रही है। कनीय अभियंता का नवादा के शहरी क्षेत्र में आलीशान मकान है। इस मकान की कीमत 50 लाख से भी अधिक आंकी जा रही है। अभियंता ने अपने पाली स्थित गांव में भी भव्य मकान बना रखा है। 


Jagran.com अब whatsapp चैनल पर भी उपलब्ध है। आज ही फॉलो करें और पाएं महत्वपूर्ण खबरेंWhatsApp चैनल से जुड़ें
This website uses cookies or similar technologies to enhance your browsing experience and provide personalized recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.