सिवान, जागरण संवाददाता। दिवंगत पूर्व सांसद मो. शहाबुद्दीन ने जेल में रहते हुए स्वलिखित जो डायरी अपने पास रखी थी वह कहां गई, इसके बारे में जेल प्रशासन और केंद्र के साथ राज्य सरकार बताए। वह डायरी किसके पास है और उसे शहाबुद्दीन के स्वजनों को क्यों नहीं दिया गया, इसकी जांच होनी चाहिए। ये बातें शुक्रवार की देर शाम शहाबुद्दीन के स्वजनों से मिलने पहुंचे पूर्व वित्त राज्य मंत्री अब्दुल बारी सिद्दीकी ने कही। उन्होंने पूर्व सांसद के इलाज में  सरकार पर लापरवाही बरतने का आरोप लगाया।

शहाबुद्दीन के इलाज में लापरवाही का लगाया आरोप

सिद्दीकी ने कहा कि जान बूझकर उन्हें ऐसे सरकारी अस्पताल में इलाज के लिए भेजा गया जहां की व्यवस्था पर प्रश्न चिह्न खड़े हुए। मेरी मो.शहाबुद्दीन से काफी अच्छी गहरी दोस्ती थी। ओसामा के लिए सिर्फ इतना कहूंगा कि अल्लाह उसे कामयाबी के रास्ते पर बढ़ाए। उसे बहुत गहरी चोट मिली है। मैं दुआ करूंगा कि वह अपने पिता की तरह कामयाब हो। इस दौरान मीडिया से रूबरू होते हुए पूर्व मंत्री ने कहा कि मैं व्यक्तिगत कारणों से यहां आया हूं, ना कि किसी राजनीतिक कारण से।

जगदानंद के इस्‍तीफे पर बोलने से परहेज, कहा- ओसामा राजद के साथ

सिद्दीकी ने कहा कि मो. शहाबुद्दीन का जाना पार्टी के लिए बहुत बड़ी क्षति है, जिसकी भरपाई कभी भी नहीं हो सकती है। वहीं, हिना-ओसामा के पार्टी बदलने के चर्चाओं पर उन्होंने कहा कि यह सब बकवास है, मनगढ़ंत बातें हैं। कभी ओसामा ने कहा है क्या वो पार्टी बदलने वाले हैं। वहीं, जब उनसे जगदानंद सिंह के इस्तीफे के बारे में पूछा गया तो उन्होंने खुलकर कुछ भी कहने से परहेज किया। मौके पर राजद नेता व कार्यकर्ता मौजूद थे।

बंद कमरे में काफी देर तक दोनों के बीच हुई मुलाकात

बता दें कि मोहम्मद शहाबुदीन का निधन 1 मई को दिल्ली में हो गया था। मो. शहाबुद्दीन के निधन को काफी समय गुजर गया है, लेकिन अब भी विभिन्न पार्टी के नेताओं का उनके स्वजनों से मिलकर सांत्वना देने का दौर जारी है। इसी क्रम में शुक्रवार की देर रात राजद के वरिष्ठ नेता व पूर्व मंत्री अब्दुल बारी सिद्दीकी मो. शहाबुद्दीन के बेटे ओसामा शहाब से मिलने सिवान पहुंचे थे। पूर्व मंत्री ने बंद कमरे में ओसामा से घंटों बातचीत की।  वहीं दोनों की मुलाकात के बाद कयासों का  बाजार गर्म है।