यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Mar 28, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Bihar Politics: महागठबंधन में पूर्णिया सीट पर अब भी मची है रार, इधर एनडीए ने नामांकन में कर दिया बड़ा कमाल
बिहार में पूर्णिया लोकसभा सीट को लेकर कांग्रेस और राजद में रार मची हुई है। यहां से उसके उम्मीदवार पप्पू ...और पढ़ें

राज्य ब्यूरो, पटना। पूर्णिया लोकसभा सीट को लेकर जहां राजद और कांग्रेस के बीच रार से महागठबंधन की एकता पर सवाल उठ रहे, वहीं गुरुवार को जदयू प्रत्याशी ने जब अपना पर्चा दाखिल किया, ताे भाजपा के नए-पुराने दिग्गज बड़ी संख्या में मौजूद थे। जदयू प्रत्याशी संतोष कुशवाहा के समर्थन में पूर्णिया के रंगभूमि मैदान में एक जनसभा भी हो गयी।
NDA के इन नेताओं ने संभाला मोर्चा
जदयू ने पूर्णिया सीट की अहमियत को देखते हुए नामांकन में मंत्री विजय चौधरी, अशोक चौधरी, लेशी सिंह व जयंत राज को पूर्णिया भेजा हुआ था।
वहीं भाजपा ने पूर्व उप मुख्यमंत्री तारकिशोर प्रसाद, भाजपा कोटे के मंत्री नीरज कुमार बबलू व अररिया के सांसद प्रदीप कुमार सिंह को अररिया में लगाया था। जदयू प्रदेश अध्यक्ष उमेश सिंह कुशवाहा ने मोर्चा संभाला हुआ था।
जदयू के लिए क्यों महत्वपूर्ण यह पूर्णिया सीट
जदयू के लिए पूर्णिया सीट इस मायने में महत्वपूर्ण है कि लगातार दो बार से इस सीट पर उसके प्रत्याशी जीतते रहे हैं। यानी जदयू इस सीट के लिए हैट्रिक पर है।
जदयू ने अपने प्रत्याशी के समर्थन में हुई सभा में विशेष रूप से नीतीश कुमार द्वारा किए गए काम पर अपने को केंद्रित रखा।
जदयू प्रदेश अध्यक्ष ने गिनाई उपलब्धि
जदयू प्रदेश अध्यक्ष ने याद दिलाया कि वर्ष 2005 के पहले पूर्णिया जिले की गिनती एक पिछड़े जिले के रूप में थी। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने पहल कर यहां इंजीनियरिंग, मेडिकल व इंजीनियरिंग कॉलेज खोले।
