पटना, राज्य ब्यूरो।  बिहार में लाॅकडाउन-4 में शापिंग माॅल, बिजनेस सेंटर व मल्टी प्लेक्स (Shopping Malls,business centers, multiplexes closed in Bihar) आदि सभी बंद है, लेकिन इसके बावजूद बिहार में बिजली खपत का रिकार्ड बन रहा। दो दिन पहले यानी चार जून को बिजली की खपत 6,115 मेगावाट दर्ज की गई थी। वहीं रविवार यानी छह जून को शाम सात बजे खपत 51 सौ मेगावाट तक पहुंच चुकी थी और आठ बजे तक तो 58 सौ मेगावाट, जबकि यह पीक आवर नहीं था। दिलचस्‍प तो यह है कि फिलहाल सभी बाजार और दुकानें भी दोपहर आठ बजे तक ही खुल रही। यानी शाम में बिजली खपत का जो पीक होता है, वो भी नहीं है। बिजली कंपनी के अधिकारियों ने बताया कि मांग के उच्च स्तर को लेकर उनकी पूरी तैयारी है। लोगों को किसी तरह की परेशानी नहीं हो इसका पूरा ध्यान रखा जा रहा।

कमर्शियल खपत नहीं, फिर भी मांग में कमी नहीं

तीखी गर्मी की वजह से बिहार में अचानक बिजली की मांग में बढ़ोतरी हो गयी है। हाल में आए दो चक्रवात (टाक्टे और यास) के समय बिजली की खपत में थोड़ी कमी दर्ज हुई थी, लेकिन अचानक खपत बढ़ गई है। इसकी वजह यह है कि लाॅकडाउन की वजह से लोग घर में हैं। व्यावसायिक खपत नहीं रहने के बाद भी उपभोग में कोई कमी नहीं है।

पिछले साल भी था यह हाल

बिहार के साथ दिलचस्प स्थिति यह है कि पिछले वर्ष भी लाकडाउन की अवधि में ही बिजली खपत का पीक दर्ज हुआ था। जुलाई में तब बिजली की खपत 59 सौ मेगावाट के करीब दर्ज की गयी थी। वह पिछले वर्ष की एक दिन में सबसे अधिक खपत थी। वहीं दूसरे राज्यों में स्थिति यह है लाॅकडाउन की अवधि में बिजली की खपत कम हो जाती है। इस वर्ष भी चार जून को 6,115 मेगावाट की खपत अब तक इस वर्ष का पीक है।

Edited By: Sumita Jaiswal