पटना, राज्य ब्यूरो। बिहार सरकार ने रबी की खेती का रकबा और उत्पादन के लक्ष्य का आकलन कर लिया है। 23 अक्टूबर को मुख्यमंत्री नीतीश कुमार रबी महाभियान की शुरुआत करेंगे। कुल 45.10 लाख हेक्टेयर में रबी की खेती होगी। इसमें 153.35 लाख मीट्रिक टन अनाज के उत्पादन का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। 23 लाख हेक्टेयर में 72 लाख मीट्रिक टन गेहूं उत्पादन का लक्ष्य है। कृषि मंत्री अमरेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि मुख्यमंत्री 23 अक्टूबर को रबी रथ को हरी झंडी दिखाकर रबी महाभियान व किसान चौपाल की शुरुआत करेंगे। रबी की फसलों के उत्पादन एवं उनकी उत्पादकता बढ़ाने के लिए जिला और प्रखंड स्तर पर रबी महाभियान का आयोजन किया जाएगा। कृषि विभाग किसानों को अनुदानित यानी आधी दर पर बीज मुहैया कराएगा।

23 लाख हेक्टेयर में होगी गेहूं खेती

कृषि विभाग ने 23 लाख हेक्टेयर में 72 लाख मीट्रिक टन गेहूं उत्पादन का लक्ष्य रखा है। पांच लाख हेक्टेयर में 42.75 लाख मीट्रिक टन मक्का के उत्पादन का लक्ष्य तय किया गया है। गरमा मक्का के लिए 2.75 लाख हेक्टेयर में खेती से कुल 16.50 लाख मीट्रिक टन उत्पादन का लक्ष्य तय किया गया है। 12.10 लाख हेक्टेयर में 14.55 लाख मीट्रिक टन दलहन के उत्पादन का लक्ष्य रखा गया है।

जैविक खेती के लिए अनुदान

कृषि मंत्री ने बताया कि जैविक कोरिडोर योजना में 13 जिलों के किसानों को 11,500 रुपये प्रति एकड़ अग्रिम अनुदान दिया जा रहा है। यह अनुदान अधिकतम ढाई एकड़ के लिए है। बिहार राज्य बीज एवं जैविक प्रमाणन एजेंसी द्वारा मुफ्त में जैविक प्रमाणन की व्यवस्था की गई है। वर्ष 2020-21 में इस एजेंसी के माध्यम से राज्य के 22 हजार किसानों द्वारा किए जा रहे जैविक खेती का जैविक प्रमाणीकरण के रूप में प्रथम वर्ष में कुल 20,059 एकड़ रकबा हेतु प्रमाण पत्र निर्गत किया गया है।

किसान चौपाल का होगा आयोजन

रबी मौसम में संचालित होने वाली योजनाओं, खेती-किसानी की नवीनतम तकनीक, समेकित कीट प्रबंधन और  फसल अवशेष प्रबंधन आदि की जानकारी दी जाएगी। किसानों की समस्याओं के लि वैज्ञानिक समाधान सुझाएंगे। जिला और प्रखंड स्तर तक रबी महाभियान एवं किसान चौपाल का आयोजन किया जाएगा। प्रत्येक किसान चैपाल में 150 किसान भाग लेंगे। उस दौरान कृषक उत्पादक संगठन के गठन, आत्मा द्वारा संचालित कार्यक्रमों की जानकारी दी जाएगी। किसान पुरस्कार कार्यक्रम, किसान पाठशाला, किसान गोष्ठी, किसान मेला आदि का आयोजन होगा।

दलहन-तिलहन के लिए मिनी-कीट योजना

कृषि विभाग के सचिव एन सरवण ने बताया कि दलहन एवं तिलहन फसलों के बीज प्रतिस्थापन दर अभी भी कम है। इसलिए रबी महाभियान 2021-22 के लिए राज्य सरकार द्वारा 50 करोड़ से ज्यादा की लागत से दलहन एवं तिलहन की मिनि-कीट योजना की स्वीकृति दी गई है। कृषि निदेशक राजीव रौशन ने कहा कि खाद पर सरकार के जीरो टालरेंस नीति, प्रबंधन तंत्र तथा उर्वरकों के विभिन्न विकल्पों के बारे में किसानों को जिला कृषि पदाधिकारी जागरूक करेंगे।