जागरण टीम, पटना। पटना के कालिदास रंगालय में शुक्रवार को जय श्रीराम के जयघोष के बीच बुराई के प्रतीक रावण और उसके कुनबे का पुतला धू-धूकर जला। दशानन के साथ मेघनाद और कुंभकरण के जलने पर सत्य की जीत के जयकारे लगाए गए। वहीं कोरोनावायरस के पुतले को जलाकर महामारी से मुक्ति दिलाने की कामना की गई। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के बिहार के शिक्षा मंत्री विजय चौधरी मौजूद रहे। कोरोना गाइडलाइन का पालन करते हुए समारोह का आयोजन किया गया।

आम लोगों को नहीं दिया गया प्रवेश

कार्यक्रम के दिन मात्र दशहरा कमेटी और आमंत्रित के सदस्यों को ही कालिदास रंगालय में प्रवेश दिया गया। आम लोगों को आयोजन में प्रवेश नहीं दिया गया। आयोजन का सीधा प्रसारण देखने के लिए लोगों को कमेटी के द्वारा पहले ही लिंक उपलब्ध कर दी गई थी। 

15 फीट का रावण और 13 का कुंभकरण

कोरोना के कारण इस साल कार्यक्रम पहले जितना भव्य तो नहीं था मगर उल्लास कम नहीं रहा। इस बार मात्र 15 फीट का रावण कालिदास रंगालय में जलाया गया। वहीं 13 फीट का कुंभकरण एवं 12 फीट का मेघनाथ का पुतला भी लगाया गया था। इसके साथ ही लोगों का आकर्षण का केंद्र था कोरोना का पुतला, जो करीब 11 फीट का था। रावण के साथ ही अदृश्य दुश्मन के नाश के लिए कोरोना का भी पुतला जलाया गया। इस दौरान जमकर आतिशबाजी की गई। लोगों ने एक दूसरे को पर्व की बधाई दी। 

पटना में कई स्थानों पर भव्य पंडाल

पटना और आसपास के क्षेत्रों में विजयादशमी का पर्व शुक्रवार को श्रद्धापूर्वक मनाया गया। कोविड महामारी की वजह से इस साल पहले जितने उत्साह के साथ दशहरे का पर्व नहीं मनाया जा सका। लेकिन राजधानी के कई स्थानों पर माता के भव्य पंडाल सजाए गए हैं। देर रात तक अलग-अलग स्थानों पर दर्शन के लिए लोगों की भीड़ उमड़ रही है। अब शनिवार को मूर्ति विसर्जन किया जाएगा। 

Edited By: Akshay Pandey