बिहार म्यूजियम–पटना म्यूजियम को जोड़ने वाला अंडरग्राउंड सब-वे बनेगा, सरकार ने जारी किए 13.40 करोड़ रुपये
बिहार सरकार ने बिहार संग्रहालय और पटना संग्रहालय को जोड़ने वाली बहुप्रतीक्षित सब-वे परियोजना के लिए 13.40 करोड़ रुपये तत्काल खर्च करने की मंजूरी दी है।

दोनों संग्रहालयों को जोड़ेगा अंडरग्राउंड रास्ता
HighLights
सब-वे परियोजना के लिए 13.40 करोड़ रुपये स्वीकृत।
बिहार और पटना संग्रहालय को भूमिगत मार्ग से जोड़ेगा।
पर्यटकों को सुरक्षित और सुविधाजनक आवागमन मिलेगा।
राज्य ब्यूरो, पटना। बिहार की बहुप्रतीक्षित बिहार संग्रहालय–पटना संग्रहालय सब-वे परियोजना को सरकार ने बड़ी राहत दी है। राज्य सरकार ने इस महत्वाकांक्षी योजना के लिए 13.40 करोड़ रुपये तत्काल खर्च करने की मंजूरी दे दी है। यह राशि वित्तीय वर्ष 2026-27 में परियोजना के निर्माण कार्य के लिए स्वीकृत की गई है।
दोनों संग्रहालयों को जोड़ेगा अंडरग्राउंड रास्ता
नगर विकास एवं आवास विभाग के अनुसार, इस परियोजना के तहत बिहार संग्रहालय और पटना संग्रहालय को भूमिगत सब-वे के जरिए जोड़ा जाएगा।
इसके बनने के बाद पर्यटकों को सड़क पार किए बिना दोनों संग्रहालयों तक सुरक्षित और सुविधाजनक पहुंच मिल सकेगी। इससे पर्यटन को भी बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।
चार साल पहले मिली थी मंजूरी
इस परियोजना को राज्य सरकार ने मई 2022 में प्रशासनिक स्वीकृति दी थी। निर्माण की जिम्मेदारी दिल्ली मेट्रो रेल कॉरपोरेशन (DMRC) को सौंपी गई थी।
शुरुआती अनुमान के अनुसार परियोजना की लागत 373 करोड़ रुपये तय की गई थी।
अब बढ़कर 542 करोड़ पहुंची लागत
समय के साथ निर्माण लागत में बड़ा इजाफा हुआ है। अब इस परियोजना की कुल लागत करीब 542 करोड़ रुपये हो गई है, यानी शुरुआती अनुमान से लगभग 169 करोड़ रुपये अधिक।
हाल ही में डीएमआरसी ने निर्माण कार्य के लिए बकाया राशि जारी करने का अनुरोध सरकार से किया था।
पर्यटकों को मिलेगी बड़ी सुविधा
सरकार का कहना है कि सब-वे बनने के बाद बिहार संग्रहालय और पटना संग्रहालय के बीच आवागमन आसान और पूरी तरह सुरक्षित होगा।
इससे पर्यटकों का समय बचेगा, सड़क पार करने की जरूरत नहीं होगी और राजधानी पटना के पर्यटन ढांचे को भी नई मजबूती मिलेगी।
