ट्रेन में पुलिस बनकर करता था यात्रियों से वसूली, वैशाली के नितिन की हत्या के 24 घंटे में रेल पुलिस ने दबोचा
चलती ट्रेन में पैसे न देने पर युवक नितिन कुमार की हत्या के मामले में रेल पुलिस ने 24 घंटे ...और पढ़ें

पुलिस गिरफ्त में आरोपित रोहित तिवारी (पीछे मुंह ढंके)।
HighLights
चलती ट्रेन से धक्का देकर युवक नितिन की हत्या।
रेल पुलिस ने 24 घंटे में आरोपित रोहित तिवारी को दबोचा।
आरोपित पुलिसकर्मी बनकर यात्रियों से करता था वसूली।
जागरण संवाददाता, पटना। चलती ट्रेन में पैसे नहीं देने पर एक युवक को धक्का देकर हत्या करने के मामले में रेल पुलिस ने आरोपित को 24 घंटे के भीतर गिरफ्तार कर लिया।
आरोपित की पहचान भोजपुर के शाहपुर थाना क्षेत्र के बारिसवन निवासी रोहित तिवारी उर्फ गुड्डू तिवारी (25) के रूप में हुई है। उसकी निशानदेही पर आरा-जगजीवन हाॅल्ट के बीच से युवक का शव बरामद किया गया है।
पुलिस के अनुसार वैशाली के महिसौर थाना क्षेत्र के चांद सराय निवासी मुकेश राय ने बक्सर रेल थाने में शिकायत दर्ज कराई थी।
पैसे नहीं देने पर ट्रेन से दिया था धक्का
उनका 21 वर्षीय पुत्र नितिन कुमार हैदराबाद में मजदूरी करता था। वह 19 सितंबर को ट्रेन संख्या 07091 दानापुर स्पेशल से घर लौट रहा था।
इसी दौरान कथित तौर पर कुछ लोगों ने पैसे की मांग की और विरोध करने पर उसे चलती ट्रेन से धक्का दे दिया। मामले में बक्सर रेल थाना में 21 सितंबर को केस दर्ज कर जांच शुरू की गई।
घटना की गंभीरता को देखते हुए रेल पुलिस अधीक्षक अनंत कुमार राय के निर्देश पर रेल पुलिस उपाधीक्षक दानापुर कंचन राज के नेतृत्व में एसआईटी गठित की गई।
तकनीकी जांच और मानवीय सूचना के आधार पर पुलिस ने बक्सर और बनारस के बीच मोहनसराय से रोहित तिवारी को गिरफ्तार कर लिया।
पुलिसकर्मी बनकर करता था यात्रियों से वसूली
पूछताछ में सामने आया कि आरोपित आरा-डीडीयू रेलखंड में पैसेंजर ट्रेनों के डिब्बों में खुद को पुलिसकर्मी, आरपीएफ या एसटीएफ का जवान बताकर मजदूरों और कम उम्र के यात्रियों से रुपये मांगता था।
वह धूम्रपान या टिकट जांच के नाम पर जुर्माना लगाने की बात कहकर पैसे वसूलता था। रुपये नहीं देने पर यात्रियों के साथ मारपीट करता था। इसी दौरान नितिन को भी चलती ट्रेन से धक्का देने की बात पुलिस ने बताई है।
पुराने मामलों में भी रहा है आरोपित
रेल पुलिस के अनुसार रोहित तिवारी के खिलाफ पहले से भी आपराधिक मामले दर्ज हैं। दानापुर रेल थाना में उसके खिलाफ 9 सितंबर 2026 को कांड संख्या 265/26 दर्ज किया गया था। वह पूर्व में जेल भी जा चुका है और फिलहाल जमानत पर बाहर था।
आरोपित की निशानदेही पर बरामद पर्स में मृतक कैलाश कुमार के नाम का इंडिया पोस्ट पेमेंट्स बैंक का डेबिट कार्ड, पीएनबी और एसबीआई के एटीएम कार्ड, पैन कार्ड, दिव्यांग कार्ड और वोटर आइडी सहित अन्य दस्तावेज मिले।
पर्स में आरोपित के नाम का आधार कार्ड भी बरामद हुआ है। पुलिस ने शव की पहचान नितिन कुमार के रूप में उसके पिता मुकेश राय से कराई है।
रेल पुलिस ने आरोपित के खिलाफ स्पीडी ट्रायल की कार्रवाई की बात कही है। एसपी ने अभियान में शामिल अधिकारियों और कर्मियों को नकद पुरस्कार व प्रशस्ति पत्र देने तथा राज्य स्तर पर सम्मानित करने की अनुशंसा की है। पूरे रेल जिले में अपराधियों के खिलाफ छापेमारी जारी रखने का निर्देश दिया गया है।
