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वीडियो: बिहार विधान परिषद में राबड़ी देवी पर नीतीश कुमार की ‘ये लड़की’ टिप्पणी से मचा बवाल

Published: Mon, 09 Feb 2026 01:03 PM (IST)Updated: Mon, 09 Feb 2026 01:41 PM (IST)

बिहार विधान परिषद में बच्चियों की सुरक्षा और कानून-व्यवस्था पर गरमागरम बहस हुई। दरभंगा रेप-मर्डर मामले को लेकर राजद सदस्यों ...और पढ़ें

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डिजिटल डेस्क, पटना। बिहार विधानसभा के बजट सत्र के पांचवें दिन विधान परिषद का माहौल पूरी तरह गर्म रहा। बच्चियों की सुरक्षा, कानून-व्यवस्था और हालिया आपराधिक घटनाओं को लेकर सत्ता पक्ष और विपक्ष आमने-सामने आ गए। कार्यवाही शुरू होते ही राजद सदस्यों ने लॉ-एंड-ऑर्डर को लेकर जोरदार हंगामा शुरू कर दिया, जिससे सदन की गरिमा बार-बार बाधित होती रही।

दरभंगा रेप-मर्डर बना बहस की चिंगारी

राजद एमएलसी सुनील सिंह ने दरभंगा में छह साल की बच्ची के साथ रेप के बाद हत्या का मामला उठाया। उन्होंने कहा कि राज्य में अपराध बेलगाम हो चुके हैं और सरकार पूरी तरह विफल है।

इस मुद्दे पर अन्य जिलों पटना, आरा, खगड़िया की घटनाओं का भी जिक्र किया गया, जिससे विपक्ष का आक्रोश और तेज हो गया।

राबड़ी देवी का सीधा हमला, इस्तीफे की मांग

पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी ने सदन में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार से इस्तीफे की मांग कर दी। उन्होंने कहा कि बिहार का शायद ही कोई जिला बचा हो, जहां बच्चियां सुरक्षित हों। राबड़ी देवी के इस बयान के बाद सदन में नीतीश कुमार के खिलाफ नारे गूंजने लगे और स्थिति और तनावपूर्ण हो गई।

नीतीश कुमार का पलटवार, पुराने शासन पर सवाल

हंगामे के बीच मुख्यमंत्री नीतीश कुमार अपनी सीट से खड़े हुए और विपक्ष पर तीखा पलटवार किया। उन्होंने कहा कि 'तुम लोगों ने कभी कोई काम किया था, जो आज बोल रहे हो?

कभी बच्चियों को स्कूल भेजा था?' नीतीश ने पूर्ववर्ती सरकारों पर निशाना साधते हुए कहा कि मौजूदा सरकार ने शिक्षा, सुरक्षा और विकास के क्षेत्र में ठोस काम किया है।

नारेबाजी में बदला सदन, कार्यवाही स्थगित

विपक्षी सदस्य वेल में आकर नारेबाजी करने लगे, जिससे प्रश्नकाल नहीं चल सका। हालात को देखते हुए महज 15 मिनट के भीतर विधान परिषद की कार्यवाही दोपहर ढाई बजे तक के लिए स्थगित करनी पड़ी। सदन के भीतर लगातार शोर-शराबे से राजनीतिक तल्खी साफ झलकती रही।

बाहर भी सियासी उबाल, कांग्रेस का प्रदर्शन

इधर, सदन की कार्यवाही शुरू होने से पहले विधानसभा परिसर में भी विपक्ष का प्रदर्शन जारी रहा। NEET छात्रा की मौत और सांसद पप्पू यादव की गिरफ्तारी के विरोध में कांग्रेस विधायकों ने पोर्टिको में नारेबाजी की।

पोस्टरों पर लिखा था, 'रेप, हत्या, किडनैपिंग कब रुकेगी?' चनपटिया से विधायक अभिषेक रंजन खास टी-शर्ट पहनकर पहुंचे, जबकि कमरुल होदा ने गिरफ्तारी को लोकतंत्र पर हमला बताया।

बजट सत्र की अन्य अहम बातें

सत्र के दौरान सरकार ने साफ किया कि बिहार में नए जिले बनाने का फिलहाल कोई प्रस्ताव नहीं है। पाकिस्तानी नागरिकों के ठहराव, पंचायत प्रतिनिधियों को गन लाइसेंस में देरी और प्रशासनिक प्रक्रियाओं पर भी सवाल-जवाब हुए। गृह मंत्री ने भरोसा दिलाया कि जांच और सुधार की प्रक्रिया तेज की जाएगी।

सियासत के केंद्र में कानून-व्यवस्था

पूरे घटनाक्रम ने साफ कर दिया कि इस बजट सत्र में कानून-व्यवस्था और बच्चियों की सुरक्षा सबसे बड़ा सियासी मुद्दा बनकर उभरा है। सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच यह टकराव आने वाले दिनों में और तीखा होने के संकेत दे रहा है।

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