बिहार में कैबिनेट विस्तार की आहट: नीतीश से मिलने 7 सर्कुलर रोड पहुंचे सम्राट चौधरी; डिप्टी सीएम से मिले पूर्व CM
Bihar Cabinet Expansion: नीतीश कुमार के आवास बदलने और सीएम सम्राट चौधरी व डिप्टी सीएम से लगातार मुलाकातों के बाद बिहार में कैबिनेट विस्तार की अटकलें तेज हो गई हैं।
HighLights
नीतीश कुमार ने 7 सर्कुलर रोड स्थित नए आवास में शिफ्ट किया।
सीएम सम्राट चौधरी और डिप्टी सीएम विजय चौधरी से मिले नीतीश।
पांच राज्यों के चुनाव बाद मंत्रिमंडल विस्तार की संभावना।
डिजिटल डेस्क, पटना। Bihar politics: बिहार की सियासत में हलचल तेज हो गई है। नीतीश कुमार ने मुख्यमंत्री आवास 1 अणे मार्ग खाली कर 7 सर्कुलर रोड स्थित आवास में शिफ्ट कर लिया है।
इस बदलाव को केवल आवास परिवर्तन नहीं, बल्कि संभावित राजनीतिक पुनर्संरचना के संकेत के तौर पर देखा जा रहा है।
शनिवार को सम्राट चौधरी, डिप्टी सीएम विजय कुमार चौधरी के साथ नीतीश कुमार से उनके नए आवास पर मिलने पहुंचे।

(एक-दूसरे का अभिवादन करते पूर्व सीएम नीतीश कुमार व मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी।)
करीब 20 मिनट चली इस बैठक को बेहद अहम माना जा रहा है। सूत्रों के अनुसार, इसमें संभावित मंत्रिमंडल विस्तार और सत्ता संतुलन पर गहन चर्चा हुई।
सम्राट चौधरी ने एक्स पर इस मीटिंग की तस्वीरें साझा की हैं। इसमें लिखा है, आजपूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार जी से उनके आवास पर आत्मीय मुलाकात की। इस दौरान उनके अनुभवों और मार्गदर्शन से प्रेरणा प्राप्त हुई।
इससे पहले दिन की शुरुआत में ही नीतीश कुमार ने दूसरे डिप्टी सीएम बिजेंद्र प्रसाद यादव से मुलाकात की। साथ ही पूर्व मंत्री अशोक चौधरी से भी बातचीत की। इन लगातार बैठकों ने सियासी हलकों में अटकलों को और तेज कर दिया है।
कैबिनेट विस्तार की उलटी गिनती
बिहार में 15 अप्रैल से मुख्यमंत्री और दो डिप्टी सीएम के हाथों में ही सभी विभागों की जिम्मेदारी है, जिस पर विपक्ष के नेता तेजस्वी यादव लगातार सवाल उठाते रहे हैं।
ऐसे में अब माना जा रहा है कि पांच राज्यों के चुनाव परिणाम के तुरंत बाद बिहार में मंत्रिमंडल का विस्तार किया जा सकता है।
सूत्र बताते हैं कि नए मंत्रिमंडल में ज्यादातर पुराने चेहरों की वापसी हो सकती है, जबकि नए चेहरों की संख्या सीमित रहने के आसार हैं। इससे साफ है कि नेतृत्व अनुभव और राजनीतिक संतुलन को प्राथमिकता देना चाहता है।
विजय सिन्हा पर टिकी नजरें
इस संभावित विस्तार में सबसे ज्यादा नजरें पूर्व डिप्टी सीएम विजय कुमार सिन्हा पर टिकी हैं। राजस्व एवं भूमि सुधार, खनन जैसे अहम विभाग संभालते हुए उनके कई फैसले चर्चा में रहे थे।
हालांकि नई सरकार ने उनके कुछ फैसलों को पलट दिया है और विभागीय स्तर पर बदलाव भी किए गए हैं। प्रधान सचिव का तबादला किया जा चुका है।
ऐसे में बड़ा सवाल यह है कि क्या विजय सिन्हा को उनके पुराने विभागों की जिम्मेदारी फिर से सौंपी जाएगी या उन्हें नई भूमिका दी जाएगी।
कुल मिलाकर, नीतीश कुमार के आवास परिवर्तन से लेकर लगातार हो रही राजनीतिक बैठकों तक, बिहार में सत्ता समीकरणों के नए दौर की आहट साफ सुनाई दे रही है। आने वाले दिनों में मंत्रिमंडल विस्तार इस सियासी हलचल को नई दिशा दे सकता है।
