NEET की कठिन मेहनत के बाद अब सजेगा सफेद एप्रन, श्रीकृष्ण मेडिकल कॉलेज में कल से MBBS की पढ़ाई
SKMCH Muzaffarpur MBBS Classes 2026: श्रीकृष्ण चिकित्सा महाविद्यालय (SKMCH) मुजफ्फरपुर में एमबीबीएस सत्र 2026-27 की नियमित कक्षाएं गुरुवार से शुरू हो रही हैं।

श्रीकृष्ण चिकित्सा महाविद्यालय (SKMCH) में गुरुवार से एमबीबीएस सत्र।
HighLights
SKMCH मुजफ्फरपुर में एमबीबीएस 2026-27 सत्र की कक्षाएं शुरू।
छात्रों को 'व्हाइट कोट' की गरिमा और चिकित्सा नैतिकता सिखाई जाएगी।
लैब, कैडवर परिचय; सीनियर्स स्वागत, रैगिंग मुक्त माहौल।
केशव कुमार, मुजफ्फरपुर। SKMCH Muzaffarpur MBBS Classes 2026: नीट की कठिन परीक्षा की लंबी तैयारी, अनगिनत रातों की मेहनत और डॉक्टर बनने का वह अटूट सपना, आखिरीकार वह गौरवशाली पल आ ही गया।
जब माथे पर माता-पिता के आशीर्वाद और तन पर पहली बार 'सफेद एप्रन' (White Apron) सजाकर कोई युवा मेडिकल कॉलेज की देहरी पर कदम रखता है, तो वह क्षण सिर्फ उस विद्यार्थी के लिए नहीं, बल्कि पूरे परिवार की आंखों में खुशी के आंसू लाने वाला सबसे भावुक पल होता है।
इसी जज्बे और उत्साह के साथ श्रीकृष्ण चिकित्सा महाविद्यालय (SKMCH) में गुरुवार से एमबीबीएस सत्र 2026-27 के नए बैच की नियमित कक्षाओं का औपचारिक आगाज होने जा रहा है।
पूरी हो चुकी हैं तैयारियां
नए चिकित्सकों के स्वागत और उनके पहले दिन के शैक्षणिक सत्र के संचालन को लेकर कॉलेज प्रशासन ने अपनी सभी तैयारियां पूरी कर ली हैं।
कॉलेज की प्राचार्य डॉ. कुमारी विभा ने नए नामांकित छात्र-छात्राओं की आधिकारिक सूची एनाटॉमी, फिजियोलॉजी और बायोकेमिस्ट्री विभाग के अध्यक्षों को सौंप दी है।
प्राचार्य ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि पहले दिन से ही छात्रों की उपस्थिति दर्ज की जाए और राष्ट्रीय चिकित्सा आयोग (NMC) के कैलेंडर के अनुसार कक्षाओं व प्रैक्टिकल सत्रों की शुरुआत बिना किसी विलम्ब के कर दी जाए।
सफेद कोट और एथिक्स की सीख
मेडिकल कॉलेज में दाखिला मिलने के बाद छात्र-छात्राओं के जीवन का यह पहला आधिकारिक दिन होगा। इसे लेकर नए विद्यार्थियों के साथ-साथ उनके अभिभावकों में भी भारी उत्सुकता और गर्व का माहौल है।
प्राचार्य ने बताया कि पहले दिन क्लासरूम में प्रवेश करते ही छात्रों को सबसे पहले 'व्हाइट कोट' की गरिमा, उसकी जिम्मेदारी और चिकित्सा पेशे के नैतिक मूल्यों (Medical Ethics) से अवगत कराया जाएगा। इसके साथ ही छात्रों को मरीजों के प्रति सेवा भाव की शपथ भी दिलाई जाएगी।
लैब और कैडवर से परिचय
ओरिएंटेशन और परिचय सत्र के बाद छात्र एनाटॉमी, फिजियोलॉजी और बायोकेमिस्ट्री की प्रयोगशालाओं का दौरा करेंगे। एनाटोमी लैब में छात्रों का कैडवर (Deceased Body) से परिचय कराया जाता है, जो किसी भी मेडिकल छात्र के जीवन का सबसे बड़ा और रोंगटे खड़े कर देने वाला भावुक क्षण होता है।
इसके अलावा छात्रों को कॉलेज के कड़े अनुशासन, शत-प्रतिशत उपस्थिति के नियमों और आंतरिक परीक्षाओं के शेड्यूल की भी पूरी जानकारी दी जाएगी।
प्राचार्य ने यह भी आश्वस्त किया है कि कैंपस में एंटी-रैगिंग स्क्वाड पूरी तरह मुस्तैद है ताकि नए छात्रों को एक सुरक्षित और सौहार्दपूर्ण माहौल मिल सके।
सीनियर्स ने की वेलकम की तैयारी
नए सत्र के पहले दिन किसी भी प्रकार की असहजता को दूर करने के लिए सीनियर छात्रों ने भी विशेष तैयारियां की हैं। कॉलेज परिसर में रैगिंग मुक्त और दोस्ताना माहौल कायम करने के लिए सीनियर्स की ओर से वेलकम सेशन आयोजित किया जा रहा है।
नए छात्रों को गुलाब के फूल देकर उनका स्वागत किया जाएगा और उन्हें कॉलेज की लाइब्रेरी, हॉस्टल, कैंटीन और लैब्स से परिचित कराया जाएगा।
सीनियर छात्र अपने शुरुआती दिनों के अनुभव साझा कर जूनियर्स का हौसला बढ़ाएंगे, ताकि वे बिना किसी तनाव के अपने नए सफर की शुरुआत कर सकें।
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