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मुजफ्फरपुर में संपत्ति कर के बड़े बकाएदारों पर सर्टिफिकेट केस करेगा नगर निगम, बन रही सूची

Published: Wed, 23 Sep 2026 02:58 PM (IST)

मुजफ्फरपुर नगर निगम बड़े संपत्ति कर बकाएदारों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई करेगा, जिसमें सर्टिफिकेट केस शामिल हैं। निगम ने वसूली ...और पढ़ें

मुजफ्फरपुर नगर निगम में राजस्व वसूली की समीक्षा करते उप नगर आयुक्त। जागरण

मुजफ्फरपुर नगर निगम में राजस्व वसूली की समीक्षा करते उप नगर आयुक्त। जागरण

HighLights

  1. बड़े संपत्ति कर बकाएदारों पर सर्टिफिकेट केस की कार्रवाई होगी।

  2. 30 सितंबर तक भुगतान न करने पर 1.5% मासिक ब्याज लगेगा।

  3. व्यापार अनुज्ञप्ति नवीनीकरण न कराने वालों पर भी कार्रवाई होगी।

जागरण संवाददाता, मुजफ्फरपुर । संपत्ति कर के बड़े बकाएदारों के खिलाफ नगर निगम कानूनी कार्रवाई करेगा। साथ ही सर्वश्रेष्ठ वसूली करने वाले पांच संग्रहकर्ताओं को सम्मानित करेगा। मंगलवार को उप नगर आयुक्त अनुभूति श्रीवास्तव की अध्यक्षता नगर निगम के राजस्व शाखा की समीक्षा की गई।

बैठक में संपत्ति कर (होल्डिंग टैक्स) की वसूली, बकाया राशि की वसूली, कर संग्रहकर्ताओं के प्रदर्शन, बड़े बकायेदारों तथा ट्रेड लाइसेंस की स्थिति की विस्तृत समीक्षा की गई।

समीक्षा के समीक्षा के दौरान बताया गया कि पिछली समीक्षा बैठक से वर्तमान समीक्षा बैठक के बीच नगर निगम द्वारा संपत्ति कर मद में लगभग 1.25 करोड़ की अतिरिक्त वसूली की गई है।

उप नगर आयुक्त अनुभूति श्रीवास्तव ने राजस्व वसूली में हुई प्रगति को आगे भी बनाए रखने तथा बकाया राशि की वसूली में और तेजी लाने का निर्देश दिया। समीक्षा में बकाया वसूली में सबसे खराब प्रदर्शन करने वाले दस कर संग्रहकर्ताओं को अंतिम चेतावनी देते हुए कार्रवाई की चेतावनी दी गई।

दोनों टैक्स दारोगा से मांगा गया स्पष्टीकरण

समीक्षा के दौरान निर्धारित कार्यों के अनुपालन एवं वसूली की अपेक्षित प्रगति के संबंध में दोनों टैक्स दारोगा अखिलेश कुमार सिंह एवं गौरी शंकर प्रसाद से स्पष्टीकरण भी मांगा गया है।

साथ ही निगम क्षेत्र के 10 बड़े बकाएदारों के विरुद्ध सर्टिफिकेट केस की कार्रवाई प्रारंभ करने के लिए संबंधित प्रकोष्ठ को आवश्यक निर्देश दिए गए हैं। इसके साथ ही सभी बड़े बकायेदारों को एक सप्ताह के अंदर बकाया कर की राशि जमा करने का निर्देश दिया गया है।

निर्धारित अवधि में राशि जमा नहीं करने पर बिहार नगरपालिका अधिनियम, 2007 एवं लागू नियमों के तहत नियमानुसार वसूली एवं अन्य आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।

बिहार के नगर निकाय कानून में संपत्ति कर की वसूली के लिए निर्धारित रिकवरी प्रावधान मौजूद हैं। उप नगर आयुक्त ने सभी टैक्स दरोगाओं को निर्देश दिया कि वे अपने-अपने संबंधित वार्डों पांच-पांच बड़े बकायेदारों की सूची तैयार करे ताकि उनके खिलाफ कारवाई की जा सके।

पहली अक्टूबर से लगेगा बकाए राशि पर ब्याज

नगर निगम शहरवासियों से 30 सितंबर तक चालू वित्तीय वर्ष का संपत्ति कर जमा करने को कहा गया। ऐसा नहीं होने पर पहली अक्टूबर से नियमानुसार प्रतिमाह 1.5 प्रतिशत की दर से ब्याज देय होगा।

बैठक में नगर निगम क्षेत्र में संचालित ऐसे सभी व्यवसायिक प्रतिष्ठान, जिन्होंने अभी तक व्यापार अनुज्ञप्ति (ट्रेड लाइसेंस) प्राप्त नहीं किया है अथवा अपनी अनुज्ञप्ति का नवीनीकरण नहीं कराया है, उन्हें शीघ्र आवश्यक प्रक्रिया पूरी करने का निर्देश दिया गया।

निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार व्यापार अनुज्ञप्ति प्राप्त या नवीनीकरण नहीं कराने वाले व्यवसायिक प्रतिष्ठानों के विरुद्ध नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। बैठक में राजस्व शाखा प्रभारी रवि रंजन राज, प्रधान सहायक एवं सह-टैक्स दारोगा मो. नूर आलम, अखिलेश कुमार सिन्हा एवं श्री गौरी शंकर प्रसाद सहित सभी कर संग्रहकर्ता उपस्थित रहे।

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