मुजफरपुर। बीआरए बिहार विश्वविद्यालय में मेधा सूची के आधार पर नामाकन की तिथि समाप्त हो गई है। एडिट किए गए विकल्प और अबतक मेधा सूची से बाहर रहे विद्यार्थियों को संबंधित जिले के नजदीकी कालेज में सीट आवंटित की जाएगी। दो दिनों तक मौका दिए जाने के बाद 1500 छात्र-छात्राओं ने नामाकन करा लिया है। विवि के नए संबद्ध कालेजों की ओर से आनस्पाट नामाकन का विकल्प देने की माग की जा रही है। गुरुवार को कई कालेजों की ओर से इसको लेकर कुलसचिव कार्यालय में आवेदन दिया गया। आशा ग्रुप आफ कालेज, भगवान महावीर कालेज, एग्जाल्ट कालेज समेत आधा दर्जन से अधिक कालेजों ने कहा है कि आनस्पाट नामाकन नहीं होने की स्थिति में सीटें नहीं भरेंगी। इसके लिए विवि जिम्मेदार होगा। बिहार विद्यालय परीक्षा समिति ने इंटर में और मिथिला विवि की ओर से बीएड में रिक्त सीटों पर आनस्पाट नामाकन का निर्देश दिया है। ऐसे में विवि को भी आनस्पाट नामाकन के लिए निर्देश देने की माग की गई है।

अध्यक्ष छात्र कल्याण डा.अजीत कुमार ने कहा कि विवि की ओर से छात्र और कालेज दोनों के हित में नामाकन की प्रक्त्रिया की जा रही है। बची हुई सीटों और विद्यार्थियों की संख्या दोनों विवि के सामने हैं। छात्रों से मागी गई च्वाइस के आधार पर कालेजों में विद्यार्थी आवंटित किए जाएंगे ताकि सभी सीटें भर सकें। कहा कि कालेजों में जितनी सीटें खाली हैं उनसे अधिक विद्यार्थी कालेजों को दिए जाएंगे। उन्होंने कहा कि एक ऐसा ग्रुप सक्रिय है जिसने मनचाहे कालेजों में नामाकन के लिए सैंकड़ों की संख्या में विद्यार्थियों को रोक कर रखा है। ऐसे में आनस्पाट नामाकन का विकल्प मिलते ही कालेजों में स्थिति अराजक हो सकती है। इसे रोकने के लिए विवि की ओर से पूरी तैयारी के साथ प्रक्त्रिया की जा रही है। 30 अक्टूबर से कालेजों में रिक्त सीटों पर नामाकन के लिए विद्यार्थियों की सूची भेजी जाएगी।

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